जमशेदपुर: मानगो और उलीडीह थाना क्षेत्र में एक ही रात 12 दुकानों का ताला तोड़कर सनसनी फैलाने वाले चोरी गिरोह का पूर्वी सिंहभूम पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से चोरी में इस्तेमाल किए गए औजारों के साथ चोरी का सामान भी बरामद किया गया है। पूछताछ के दौरान सभी आरोपियों ने मानगो और उलीडीह क्षेत्र की 12 दुकानों में चोरी की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली है। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश और चोरी के शेष सामान की बरामदगी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है।
पुलिस के अनुसार, 11 और 12 जुलाई की मध्यरात्रि बदमाशों ने मानगो और उलीडीह इलाके में अलग-अलग दुकानों के ताले तोड़कर सिलसिलेवार चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया था। चोरों ने जगदंबा होटल के समीप स्थित गुप्ता इलेक्ट्रिक, आटा चक्की, फल दुकान, सुमन स्टोर के अलावा मानगो थाना क्षेत्र के वैभव लक्ष्मी मेडिकल, शिव स्टोर, गीतांजली स्टोर समेत कुल 12 दुकानों को निशाना बनाया था। एक ही रात में लगातार हुई चोरी की घटनाओं से व्यापारियों में दहशत फैल गई थी और उन्होंने पुलिस से जल्द कार्रवाई की मांग की थी।
दुकानदारों के लिखित आवेदन के आधार पर उलीडीह ओपी में कांड संख्या 152/2026, दिनांक 14 जुलाई 2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 331(4), 112(2) एवं 3(5) के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक (नगर) के नेतृत्व तथा पटमदा के डीएसपी दयानंद कुमार की निगरानी में विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।
विशेष टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मानवीय सूचना के आधार पर लगातार छापेमारी करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उलीडीह थाना क्षेत्र निवासी शंकर हेम्ब्रम (25), मुकदर सामद (34), गौतम हेम्ब्रम उर्फ डाडू (19) और विक्की मुखी (24) के रूप में हुई है।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने सिलसिलेवार चोरी की पूरी वारदात कबूल कर ली। उनकी निशानदेही पर चोरी में इस्तेमाल किया गया लोहे का चापड़, लोहे का रॉड (साबल), चैन पुली तथा चोरी की एक सिलाई मशीन बरामद की गई है। पुलिस का कहना है कि इन औजारों की मदद से आरोपी दुकानों के शटर और ताले तोड़कर वारदात को अंजाम देते थे।
पटमदा के डीएसपी दयानंद कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि मुख्य आरोपी शंकर हेम्ब्रम के खिलाफ पहले से चोरी के दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह ने शहर के अन्य इलाकों में भी इसी तरह की चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है या नहीं। इसके अलावा गिरोह से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए भी लगातार छापेमारी की जा रही है।

