Breaking
Tue. Jun 23rd, 2026

मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण 2026: 10.84 लाख मतदाताओं में 9.37 लाख की मैपिंग पूरी, 30 जून से शुरू होगा घर-घर सर्वे

चाईबासा: जिला समाहरणालय सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त मनीष कुमार ने भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम 2026 की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पश्चिमी सिंहभूम जिले में एसआईआर-2026 की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।

उपायुक्त मनीष कुमार ने बताया कि गणना चरण 30 जून 2026 से 29 जुलाई 2026 तक चलेगा। इस दौरान मतदाताओं से किसी भी प्रकार का दस्तावेज प्राप्त नहीं किया जाएगा। बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) द्वारा मतदाताओं को गणना प्रपत्र उपलब्ध कराया जाएगा। मतदाताओं को इसमें आवश्यक जानकारी भरकर, नवीनतम फोटो लगाकर और हस्ताक्षर कर एक प्रति बीएलओ को जमा करनी होगी, जबकि दूसरी प्रति पर प्राप्ति रसीद लेनी होगी।

उन्होंने बताया कि मैप्ड और अनमैप्ड दोनों श्रेणी के मतदाताओं को गणना प्रपत्र भरना अनिवार्य होगा। प्रवासी श्रमिकों और राज्य से बाहर पढ़ाई कर रहे छात्रों के मामले में परिवार का कोई वयस्क सदस्य संबंध और नाम का उल्लेख करते हुए ईसीआईनेट के माध्यम से ऑनलाइन या बीएलओ से इलेक्ट्रॉनिक रूप में गणना प्रपत्र प्राप्त कर हस्ताक्षरित प्रति भेज सकता है।

उपायुक्त ने बताया कि सत्यापन अवधि 5 अगस्त से 3 अक्टूबर 2026 तक चलेगी। इस दौरान केवल चिन्हित मतदाताओं से ही दस्तावेज लिए जाएंगे, जिन्हें नोटिस जारी किया जाएगा।

भारत निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार 1 अक्टूबर 2026 को अर्हता तिथि निर्धारित की गई है। प्रशिक्षण एवं मुद्रण कार्य 20 जून से 29 जून 2026 तक होगा। बीएलओ द्वारा घर-घर सर्वेक्षण 30 जून से 29 जुलाई 2026 तक किया जाएगा। मतदान केंद्रों का युक्तिकरण 29 जुलाई 2026 तक पूरा किया जाएगा।

प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन 5 अगस्त 2026 को होगा। दावा और आपत्तियां 5 अगस्त से 4 सितंबर 2026 तक ली जाएंगी। दावा और आपत्तियों का निस्तारण 5 अगस्त से 3 अक्टूबर 2026 तक किया जाएगा। अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 7 अक्टूबर 2026 को होगा।

उपायुक्त ने बताया कि जिन मतदाताओं का नाम पूर्व एसआईआर मतदाता सूची में दर्ज है, उन्हें किसी अतिरिक्त दस्तावेज की आवश्यकता नहीं होगी। यदि मतदाता अथवा उनके माता-पिता का नाम पूर्व एसआईआर सूची में दर्ज नहीं है तो उन्हें निर्धारित दस्तावेजों में से किसी एक की स्व-अभिप्रमाणित प्रति जमा करनी होगी।

दस्तावेजों में केंद्र या राज्य सरकार अथवा सार्वजनिक क्षेत्र के नियमित कर्मचारी या पेंशनभोगी का पहचान पत्र या पेंशन भुगतान आदेश, 1 जुलाई 1987 से पहले सरकारी या सार्वजनिक संस्थानों द्वारा जारी पहचान पत्र या प्रमाण पत्र, जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, मान्यता प्राप्त बोर्ड या विश्वविद्यालय का शैक्षणिक प्रमाण पत्र, स्थायी निवास प्रमाण पत्र, वन अधिकार प्रमाण पत्र, ओबीसी/एससी/एसटी या अन्य जाति प्रमाण पत्र, राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर, परिवार रजिस्टर तथा सरकार द्वारा जारी भूमि या मकान आवंटन संबंधी दस्तावेज शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि आधार कार्ड की प्रति देने पर भी उपरोक्त 11 दस्तावेजों में से किसी एक दस्तावेज की स्व-अभिप्रमाणित प्रति जमा करनी होगी। यदि कोई पात्र भारतीय नागरिक वर्तमान मतदाता सूची में पंजीकृत नहीं है तो उसे प्रपत्र-6 और घोषणा पत्र भरना होगा।

किसी भी समस्या या पूर्व एसआईआर सूची में नाम खोजने के लिए मतदाता हेल्पलाइन नंबर 1950, ईसीआईनेट पोर्टल और ईसीआईनेट मोबाइल ऐप के माध्यम से सहायता ली जा सकती है।

उपायुक्त ने बताया कि 30 जून 2026 को सभी बीएलओ अपने बीएलए-2 और चुनाव पाठशाला के साथ सुबह 11 बजे से दोपहर 12 बजे तक बूथों पर बैठक करेंगे। इसी दिन विद्यालयों में युवा मतदाताओं और भविष्य के मतदाताओं के लिए निर्वाचन साक्षरता क्लब तथा विभिन्न संस्थानों में मतदाता जागरूकता मंच के माध्यम से एसआईआर-2026 को लेकर जागरूकता बैठक आयोजित की जाएगी।

उन्होंने बताया कि पश्चिमी सिंहभूम जिले के पांचों विधानसभा क्षेत्रों में 23 जून 2026 तक कुल 10,84,238 मतदाताओं में से 9,37,081 मतदाताओं की मैपिंग पूरी कर ली गई है, जो कुल मतदाताओं का 86.43 प्रतिशत है। वहीं 1,47,157 मतदाता अभी अनमैप्ड हैं। जिले में कुल 2,69,788 मतदाताओं के संबंध में विभिन्न प्रकार की विसंगतियां चिन्हित की गई हैं, जिनका सत्यापन किया जाएगा।

Related Post