जमशेदपुर। पूर्वी सिंहभूम जिले के बोड़ाम थाना क्षेत्र में सोमवार रात टाटा-पटमदा मुख्य सड़क पर हुए भीषण सड़क हादसे में एक राजमिस्त्री की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान बांकादा गांव निवासी मुचीराम मुदी (48) के रूप में हुई है। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आक्रोशित ग्रामीणों ने कुछ देर के लिए सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया।
जानकारी के अनुसार मुचीराम मुदी रोज की तरह जमशेदपुर में मजदूरी का काम कर अपने बड़े बेटे के साथ घर लौट रहे थे। बताया जाता है कि दोनों बस की छत पर सवार होकर आ रहे थे। इसी दौरान रास्ते में बारिश शुरू होने पर वे हलुदबनी कैंप के पास उतर गए। इसके बाद मुचीराम किसी परिचित की बाइक मिलने की उम्मीद में पैदल ही बोंटा गांव की ओर बढ़ रहे थे।
इसी बीच जमशेदपुर की ओर से काटिन की तरफ जा रहे एक तेज रफ्तार तेल टैंकर ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि टैंकर का चक्का उनके शरीर पर चढ़ गया, जिससे घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद सड़क पर काफी दूर तक खून बिखर गया और मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
घटना की सूचना मिलने पर समाजसेवी उमेश महतो मौके पर पहुंचे और पुलिस को इसकी जानकारी दी।बोडाम थाना प्रभारी नीरज कुमार दलबल के पहुंचने के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने मुख्य सड़क जाम कर दिया। लोगों का आरोप था कि टाटा-पटमदा मार्ग पर भारी वाहनों की तेज रफ्तार लगातार हादसों का कारण बन रही है। बाद में कमलपुर थाना पुलिस द्वारा टैंकर को पकड़ लिए जाने की सूचना मिलने पर ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया।
मुचीराम मुदी बेहद गरीब परिवार से थे और मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में दो पुत्र और एक पुत्री हैं। पुत्री की शादी हो चुकी है, जबकि छोटा बेटा विवाहित है। बड़ा बेटा अविवाहित है और मजदूरी कर पिता का हाथ बंटाता था। हादसे के बाद पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
घटना की खबर मिलते ही समाजसेवी प्रबोध कुमार महतो और देवव्रत महतो भी मृतक के घर पहुंचे तथा शोक संतप्त परिजनों को ढांढस बंधाया। वहीं पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच में जुट गई है। थाना प्रभारी नीरज कुमार ने बताया कि मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और टक्कर मारने वाले वाहन को पकड़ लिया गया।

