चाईबासा: भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के निर्देश पर राज्यभर में आयोजित एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन के तहत शनिवार को चाईबासा के पुराना डीसी कार्यालय के समीप विरोध प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष गीता बलमूचु ने की।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं ने भाग लिया और बिजली बिल बढ़ोतरी तथा विद्युत विभाग की अव्यवस्था के खिलाफ नाराजगी जताई।
मुख्य वक्ता अभय सिंह ने कहा कि राज्य सरकार बिजली उत्पादन में आत्मनिर्भर होने का दावा करती है, फिर भी जनता पर दर बढ़ाना गलत है। उन्होंने अधूरी योजनाओं, भ्रष्टाचार और ग्रामीण क्षेत्रों की खराब स्थिति को लेकर सरकार को घेरा।
जिला अध्यक्ष गीता बलमूचु ने कहा कि बिजली दर बढ़ने से किसान, मजदूर, छोटे उद्योग और आदिवासी समाज प्रभावित होंगे। उन्होंने जले ट्रांसफार्मर, अनियमित बिलिंग और मुआवजा नहीं मिलने जैसी समस्याओं को उठाया।
जवाहरलाल बांनरा ने सरकार की नीतियों को किसान और गरीब विरोधी बताया, जबकि जे बी तुबिड ने बिजली व्यवस्था में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया।
बंडकुवर गागराई ने ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की खराब स्थिति पर चिंता जताई।
पूर्व जिला अध्यक्ष संजू पांडे ने मनमानी बिलिंग का विरोध किया, जबकि बबलू शर्मा ने अवैध खनन से हो रही राजस्व हानि की भरपाई के लिए बिजली दर बढ़ाने को गलत बताया।
सभी नेताओं ने एक स्वर में बिजली दर वृद्धि वापस लेने और व्यवस्था में सुधार की मांग करते हुए आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। कार्यक्रम का संचालन भूषण पाट पिंगुआ ने किया और धन्यवाद ज्ञापन राकेश पोद्दार ने किया।
इस अवसर पर प्रताप कटियार, शुरू नंदी, सुमन गागराई, चंद्र मोहन तिऊ सहित कई लोगों ने संबोधित किया।
कार्यक्रम में अजीत सिंह, धर्मवीर पासवान, रंजन प्रसाद, हेमंत केशरी, सतीश पुरी, धीरज सिंह, मुकेश कुमार, मृदुला निषाद, जानकी देवी, सुमन बीरूवा, मजहर हुसैन, दशरथ खंडाईत, प्रसन्न बेरवा, दोनो बानसिंह, पंकज खिरवाल, रमेश खिरवाल, रानी तिरिया, चन्द्रमोहन गोप, जितेंद्र नाथ ओझा, हर्ष रवानी, अनन्त सयनम, बिरजू रजक सहित सैकड़ों कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

