नीमडीह। सरायकेला-खरसावां जिले के नीमडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत रावताड़ा गांव के शिवपुरी कॉलोनी, चांडिल स्टेशन बस्ती में 67 वर्षीय सेवानिवृत्त स्वास्थ्य कर्मी सुप्रीति मजूमदार की हत्या के मामले का पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर उद्भेदन कर दिया। पुलिस ने हत्या के आरोप में मृतका के पोते विकी गोस्वामी को गिरफ्तार किया है। आरोपी को पूर्वी सिंहभूम जिले के बहरागोड़ा थाना क्षेत्र के कुमारदाह स्थित उसके पैतृक गांव से सोमवार देर रात पकड़ा गया।
बताया जाता है कि रविवार 9 अगस्त की सुबह करीब 11 बजे सुप्रीति मजूमदार अपने घर में गंभीर रूप से घायल और खून से लथपथ हालत में मिली थीं। घर से चीख-पुकार की आवाज सुनकर उनकी बहू छत से नीचे पहुंची, जहां सुप्रीति को घायल अवस्था में देखकर परिजनों के बीच अफरा-तफरी मच गई। परिजनों ने तत्काल उन्हें इलाज के लिए टाटा मेन हॉस्पिटल ले जाया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलने के बाद नीमडीह पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। शुरुआती पूछताछ में परिजनों ने पुलिस को बताया कि मृतका के पोते विकी गोस्वामी ने ही उन पर हमला किया था। हालांकि, घटना को लेकर परिवार के सदस्यों के बयान में लगातार विरोधाभास सामने आने के कारण पुलिस को जांच में काफी सावधानी बरतनी पड़ी। पुलिस ने सभी परिजनों से अलग-अलग पूछताछ कर घटनाक्रम को समझने का प्रयास किया।
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों और अन्य माध्यमों से पुलिस को विकी गोस्वामी के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली। जांच में पता चला कि घटना के बाद वह नीमडीह से निकलकर बहरागोड़ा थाना क्षेत्र के कुमारदाह स्थित अपने पैतृक गांव चला गया था।
जानकारी मिलने के बाद नीमडीह पुलिस की टीम ने सोमवार देर रात कुमारदाह में छापेमारी कर विकी गोस्वामी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को मंगलवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया। पुलिस मामले में हत्या के कारणों और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

