जमशेदपुर। गोविंदपुर थाना क्षेत्र के गदरा के पास अप्रैल माह में रेल लाइन किनारे मिले युवक गुलशन कुमार उर्फ गुलशन प्रसाद के शव मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। शुरुआती तौर पर हादसा समझे जा रहे इस मामले की जांच में यह सुनियोजित हत्या निकली। पुलिस ने मृतक के पुराने साथी जय कर्मकार को गिरफ्तार किया है, जिसने पूछताछ के दौरान हत्या की साजिश और वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली है।
पुलिस के अनुसार, वर्ष 2022 में गुलशन और जय एक डकैती के मामले में साथ जेल जा चुके थे। जेल से बाहर आने के बाद दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद गहरा गया था। इसी रंजिश के चलते जय ने अपने चार अन्य साथियों के साथ मिलकर गुलशन की हत्या की योजना बनाई।
जांच में सामने आया कि घटना के दिन आरोपियों ने पहले गुलशन के साथ बेरहमी से मारपीट की। गंभीर रूप से घायल होने के बाद रस्सी से उसका गला घोंटकर हत्या कर दी गई। इसके बाद पुलिस को गुमराह करने और हत्या को रेल हादसा साबित करने की नीयत से शव को रेल लाइन के किनारे फेंक दिया गया।
रविवार को गोविंदपुर थाना प्रभारी पवन कुमार ने बताया कि अप्रैल माह में रेल लाइन के समीप गुलशन का शव मिलने पर परिजनों की शिकायत के आधार पर अस्वाभाविक मौत का मामला दर्ज किया गया था। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू की।
वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस जय कर्मकार तक पहुंची। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल की गई रस्सी भी बरामद कर ली गई है।
पुलिस का कहना है कि इस हत्याकांड में शामिल चार अन्य आरोपी अभी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है और जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

