जमशेदपुर। बिरसानगर डाकघर में नौकरी ज्वाइन करने का झांसा देकर पहुंचे एक पूर्व डाककर्मी पर दो चेक चोरी करने और उसके जरिए एक खाताधारक के खाते से 60 हजार रुपये निकालने का आरोप लगा है। आरोप है कि चेक चोरी करने के बाद आरोपी ने खाताधारक से सादे कागज पर हस्ताक्षर भी करा लिए और उसका इस्तेमाल रुपये निकालने में किया गया। मामले में बिरसानगर उपडाकघर के उपडाकपाल सूर्यशेखर पाल ने सिदगोड़ा साबरमती रोड निवासी अंकित कुमार सिंह और पूर्व डाककर्मी तुषार के खिलाफ बिरसानगर थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी है।
घटना तीन अक्तूबर की बतायी गयी है। पुलिस को दी गयी शिकायत के अनुसार, तुषार पहले चांडिल डाकघर में डाककर्मी के रूप में कार्यरत था। जालसाजी के आरोप में विभाग की ओर से उसे निलंबित किया गया था। तीन अक्तूबर को वह बिरसानगर उपडाकघर पहुंचा और कर्मचारियों को बताया कि विभाग ने उसे बिरसानगर डाकघर में योगदान देने का निर्देश दिया है। उस समय डाकघर के कर्मचारी अपने काम में व्यस्त थे। इसी दौरान मौका पाकर उसने दो चेक चोरी कर लिये।
आरोप है कि चेक चोरी करने के बाद तुषार खाताधारक के घर पहुंचा और हस्ताक्षर में गड़बड़ी होने की बात कहकर सादे कागज पर उसके हस्ताक्षर करा लिये। इसके बाद चोरी किये गये चेक और हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर खाते से रुपये निकालने की कोशिश की गयी।
बताया गया है कि खाते से दो बार में रुपये निकाले गये। पहली बार 20 हजार और दूसरी बार 40 हजार रुपये की निकासी की गयी। इस तरह कुल 60 हजार रुपये निकाल लिये गये। पुलिस के अनुसार, वारदात को अंजाम देने के लिए तुषार सिदगोड़ा साबरमती रोड निवासी अंकित कुमार सिंह की बुलेट बाइक संख्या जेएच05सीएल-3668 से बैंक पहुंचा था। रुपये निकालने के लिए उसने अपने एक साथी को बैंक के अंदर भेजा था।
लेनदेन के दौरान बैंककर्मियों को युवक की गतिविधियों पर संदेह हुआ। उन्होंने उसे पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन वह मौका देखकर बैंक से फरार हो गया। शिकायत मिलने के बाद बिरसानगर थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस बाइक के नंबर और बैंक में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास में जुटी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है।

