जमशेदपुर: शहर में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (एफजेसीसीआई) के कोल्हान क्षेत्रीय उपाध्यक्ष विजय आनंद मुनका ने झारखंड की पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) तदाशा मिश्रा को विस्तृत सुझाव-पत्र भेजा है। उन्होंने बेहतर पुलिस व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और व्यापारिक माहौल को सुरक्षित एवं भरोसेमंद बनाने के लिए कई व्यावहारिक सुझाव दिए हैं।
मुनका ने अपने पत्र में कहा है कि बीते कुछ महीनों में जमशेदपुर में लूट, छिनतई, गोलीबारी, चाकूबाजी, मारपीट और अन्य आपराधिक घटनाओं में लगातार वृद्धि हुई है। इससे आम नागरिकों के साथ-साथ व्यापारिक समुदाय में भी भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था की स्थिति का असर व्यापार, निवेश और औद्योगिक विकास पर भी पड़ रहा है।
उन्होंने सुझाव दिया कि जमशेदपुर में ऐसे अनुभवी पुलिस अधिकारियों की तैनाती की जाए, जो पहले शहर में कार्य कर चुके हों और स्थानीय भौगोलिक, सामाजिक, राजनीतिक तथा आपराधिक परिस्थितियों की अच्छी समझ रखते हों। इसके अलावा टाइगर मोबाइल पुलिस की नियमित एवं प्रभावी गश्त सुनिश्चित करने, प्रमुख चौक-चौराहों और संवेदनशील क्षेत्रों में उनकी स्थायी तैनाती बहाल करने तथा रात्रिकालीन पुलिस गश्त को और प्रभावी बनाने की मांग की।
विजय आनंद मुनका ने पुलिस–पब्लिक समन्वय समिति के पुनर्गठन का भी सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि समिति में प्रतिष्ठित व्यापारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और जागरूक नागरिकों को शामिल किया जाए, ताकि पुलिस और आमजन के बीच बेहतर संवाद और विश्वास कायम हो सके।
उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य सरकार और पुलिस मुख्यालय जनहित, व्यापार हित और राज्यहित को ध्यान में रखते हुए इन सुझावों पर सकारात्मक विचार करेगा और शीघ्र आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करेगा, जिससे जमशेदपुर की कानून-व्यवस्था और अधिक मजबूत तथा जनविश्वासपूर्ण बन सके।
इस सुझाव-पत्र की प्रतिलिपि एडीजी मुख्यालय, जोनल आईजी, डीआईजी कोल्हान तथा पूर्वी सिंहभूम के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को भी भेजी गई है।

