पटना। राजधानी पटना में चर्चित कोचिंग संचालक फैजल खान (खान सर) के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के बाद पुलिस जांच लगातार तेज हो गई है, लेकिन खबर लिखे जाने तक उनकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इस बीच खान ग्लोबल स्टडीज (केजीएस) परिसर के बाहर बड़ी संख्या में छात्र रातभर मौजूद रहे और अपने शिक्षक के समर्थन में नारेबाजी करते रहे। पूरे इलाके में देर रात तक पुलिस की गतिविधियां जारी रहीं, जिससे माहौल काफी तनावपूर्ण बना रहा।
सूत्रों के अनुसार, कोचिंग संस्थान में हुई तोड़फोड़, मारपीट और कथित फायरिंग की घटना के बाद पुलिस की कई टीमें लगातार परिसर का दौरा करती रहीं। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए छात्रों को वहां से हटाने का प्रयास किया, लेकिन बड़ी संख्या में छात्र परिसर के आसपास डटे रहे। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया।
मामले ने नया मोड़ तब लिया जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ। वीडियो में खान सर के संस्थान से जुड़े एक सुरक्षाकर्मी को कथित तौर पर हथियार से गोली चलाते हुए देखा गया। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संस्थान पहुंचकर जांच शुरू की। जांच के दौरान दो सुरक्षा गार्डों को हिरासत में लिया गया और उनके पास मौजूद हथियारों को जब्त कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर खान सर के खिलाफ भी आर्म्स एक्ट समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। हालांकि पुलिस ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि उनकी गिरफ्तारी कब तक हो सकती है।
जांच में यह भी सामने आया है कि विवाद की शुरुआत बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद हुई प्रतिस्पर्धा से जुड़ी हो सकती है। परीक्षा परिणाम आने के बाद पटना के दो प्रमुख कोचिंग संस्थानों—खान ग्लोबल स्टडीज और ज्ञान बिंदु—ने अपने-अपने यहां सर्वाधिक अभ्यर्थियों के चयन का दावा किया था। इसके बाद दोनों संस्थानों द्वारा अलग-अलग सम्मान समारोह आयोजित किए गए और शहर के विभिन्न हिस्सों में प्रचार सामग्री लगाई गई।
बताया जा रहा है कि इसी प्रचार अभियान के दौरान एक संस्थान के बैनर को दूसरे संस्थान के बोर्ड पर लगाने को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। पहले यह विवाद पोस्टर और बैनर हटाने तक सीमित था, लेकिन बाद में दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच कहासुनी, धक्का-मुक्की और तनाव बढ़ता चला गया। देखते ही देखते मामला हिंसक रूप ले बैठा और पथराव, तोड़फोड़ तथा फायरिंग के आरोप सामने आए।
घटना के बाद पुलिस ने दूसरे पक्ष से जुड़े रौशन आनंद को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। वहीं वायरल वीडियो सामने आने के बाद जांच का दायरा बढ़ाया गया और अब खान सर तथा उनके संस्थान की भूमिका की भी विस्तार से जांच की जा रही है।
फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल वीडियो, फॉरेंसिक रिपोर्ट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। राजधानी में चर्चित कोचिंग संस्थानों के बीच बढ़ती प्रतिस्पर्धा से जुड़े इस विवाद ने शिक्षा जगत में भी बहस छेड़ दी है। अब सभी की नजर पुलिस जांच और आगे होने वाली कानूनी कार्रवाई पर टिकी हुई है।

