बोकारो: अनुमंडलीय अस्पताल बेरमो ने स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नई उपलब्धि हासिल करते हुए पहली बार लैप्रोस्कोपिक तकनीक (दूरबीन विधि) से गॉलब्लैडर स्टोन का सफल ऑपरेशन किया है। इस सफलता से अब क्षेत्र के मरीजों को ऐसी जटिल सर्जरी के लिए बड़े शहरों के अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
सिविल सर्जन डॉ. अभय भूषण प्रसाद के मार्गदर्शन में 19 जुलाई 2026 को अस्पताल में पिछरी ग्राम पंचायत की 56 वर्षीय महिला का लैप्रोस्कोपिक कोलेसिस्टेक्टॉमी (पित्ताशय निकालने की सर्जरी) सफलतापूर्वक की गई। ऑपरेशन का नेतृत्व सर्जन डॉ. निशांत ने किया, जबकि अस्पताल की उपाधीक्षक डॉ. अनीता मुर्मू ने पूरी प्रक्रिया के दौरान मार्गदर्शन एवं सहयोग प्रदान किया। एनेस्थीसिया की जिम्मेदारी डॉ. जितेन्द्र कुमार ने संभाली। ऑपरेशन थिएटर में ओटी असिस्टेंट रंजीत, सुनीता तथा अस्पताल की पूरी टीम ने समन्वित तरीके से अपनी जिम्मेदारियां निभाईं।
चिकित्सकों के अनुसार सर्जरी पूरी तरह सफल रही और मरीज की हालत सामान्य एवं स्थिर है। फिलहाल उसे चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है तथा जल्द ही स्वस्थ होकर घर लौटने की उम्मीद है।
इस उपलब्धि पर सिविल सर्जन डॉ. अभय भूषण प्रसाद ने चिकित्सा टीम को बधाई देते हुए कहा कि अनुमंडलीय अस्पताल बेरमो में आधुनिक लैप्रोस्कोपिक सर्जरी की सुविधा शुरू होने से स्थानीय मरीजों को गॉलब्लैडर स्टोन जैसी बीमारियों के इलाज के लिए दूसरे शहरों में जाने की आवश्यकता नहीं होगी। इससे उनका समय और खर्च दोनों बचेंगे तथा जिले में ही आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
अस्पताल की उपाधीक्षक डॉ. अनीता मुर्मू ने कहा कि अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों और प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की टीम लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भी आधुनिक तकनीक आधारित उपचार सेवाओं का विस्तार कर मरीजों को उच्च गुणवत्ता की स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में काम जारी रहेगा।

