जमशेदपुर। जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने सोमवार को पारडीह काली मंदिर से डेंटल कॉलेज तक एनएच-33 पर बन रहे ऊपरी पथ के निर्माण को लेकर मिल रही जन शिकायतों के मद्देनज़र स्थल निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारी एवं अभियंता मौजूद रहे। सरयू राय और उनकी टीम ने पारडीह से बालीगुमा तक चल रहे निर्माण कार्य का बारीकी से जायजा लिया और स्थानीय लोगों की समस्याओं को सुना।
निरीक्षण के दौरान सरयू राय ने बताया कि निर्माण कार्य के कारण कई स्थानों पर अत्यधिक धूल उड़ रही है, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसके अलावा सड़क के एक ओर से दूसरी ओर जाने के लिए क्रास रोड की कमी भी एक बड़ी समस्या के रूप में सामने आई है। तीसरी प्रमुख शिकायत कोलकाता और रांची की ओर से आने वाले वाहनों के लिए बनाए गए रैंप को लेकर थी, जहां रैंप के उतरने वाले स्थान पर अत्यधिक संकरापन हो गया है, जिससे यातायात बाधित हो रहा है।
इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए सरयू राय ने एनएचएआई के अधिकारियों को निर्देश दिया कि जहां मिट्टी धूल में तब्दील हो चुकी है, वहां नियमित रूप से पानी का गहरा छिड़काव कराया जाए। जिन स्थानों पर धूल की मोटी परत जम गई है, उसे जेसीबी मशीन से हटाने का भी निर्देश दिया गया, जिस पर अधिकारियों ने सहमति जताई।
उन्होंने बताया कि पारडीह चौक के पास, डिमना चौक से पहले और डिमना चौक के बाद—इन तीन स्थानों पर रैंप उतरने की वजह से सड़क संकरी हो गई है। इन जगहों पर बीच में नाला होने के कारण भारी वाहनों का आवागमन कठिन हो जाता है। सरयू राय ने अधिकारियों से कहा कि रैंप के किनारे जहां तक नाला है, वहां ढक्कन की जगह मजबूत पीसीसी की ढलाई कराई जाए ताकि भारी वाहन आसानी से आ-जा सकें। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि जहां आवश्यकता होगी, वहां यह कार्य किया जाएगा।
इसके साथ ही सरयू राय ने यह भी निर्देश दिया कि जहां-जहां सड़क के आर-पार जाने के लिए क्रास रोड की जरूरत है, वहां क्रास रोड का निर्माण कराया जाए। निर्माण स्थल के अंदरूनी हिस्से में चल रहे कार्य को बाहरी क्षेत्र से अलग रखने के लिए दोनों ओर टीना या दीवारनुमा संरचना खड़ी करने का भी सुझाव दिया गया, ताकि धूल बाहर न फैले। इस प्रस्ताव पर भी अधिकारियों की सहमति बनी।
निरीक्षण के अंत में एनएचएआई के अधिकारियों ने विधायक को आश्वस्त किया कि उनके सुझावों के अनुसार नए डिजाइन तैयार किए जाएंगे और जल्द ही उन्हें दिखाया जाएगा, ताकि जन समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।

