धनबाद: जिले के समाहरणालय परिसर में आज एक अनोखा दृश्य देखने को मिला, जब एसएसपी प्रभात कुमार ने अपने कार्यालय में आयोजित जनता दरबार में खुद आगे बढ़कर महिलाओं की समस्याएं सुनीं और उन्हें भरोसा दिलाया कि अब उनका दर्द अनसुना नहीं रहेगा।
इस विशेष जनसुनवाई में 25 से अधिक महिलाएं अपनी-अपनी शिकायतें लेकर पहुंचीं। इन शिकायतों में घरेलू हिंसा, संपत्ति विवाद, पारिवारिक कलह, और पुलिस कार्रवाई में लापरवाही जैसे गंभीर मुद्दे प्रमुख थे।
जहां आमतौर पर वरिष्ठ अधिकारियों तक आम लोगों की पहुंच सीमित होती है, वहीं एसएसपी प्रभात कुमार खुद पीड़ितों के बीच बैठे, एक-एक शिकायत को गंभीरता से सुना और मौके पर मौजूद अधिकारियों को तत्काल और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए।
एक महिला फरियादी ने भावुक होकर कहा:
“पहली बार ऐसा लगा कि हमें कोई सच में सुन रहा है — वो भी इतने बड़े अफसर। हम उम्मीद लेकर आए थे और अब भरोसा लेकर लौट रहे हैं।”
एसएसपी प्रभात कुमार ने अपने संबोधन में कहा:
“हर व्यक्ति को न्याय मिलना चाहिए, खासकर महिलाओं को, जो समाज में अक्सर चुप रह जाती हैं। धनबाद पुलिस उनके साथ खड़ी है। जिले के सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आम जनता के साथ कुशल व्यवहार करें और हर शिकायत को संवेदनशीलता से लें।”
एसएसपी की यह पहल न केवल प्रशासनिक दृष्टि से सराहनीय रही, बल्कि आम लोगों के मन में न्याय और विश्वास की एक नई उम्मीद भी जगा गई।

