*लातेहार/-* सरकार से लेकर जिला प्रशासन दावा करती है कि जिन आदिम जनजाति बिरहोर परिवार के पास आशियाना नहीं है, उसे बिरसा आवास योजना का लाभ दिया जाएगा। लेकिन लातेहार में आदिम जनजाति का एक बिरहोर 12 सदस्यों का परिवार पत्तों और लकड़ी से झोपड़ी बना रहने को मजबूर हैं। जिला मुख्यालय से 10 किलोमीटर की दूरी में सदर प्रखंड के बेंदी पंचायत का एक गांव बंगला टोला है। जहां आज भी आदिम जनजाति के एक बिरहोर परिवार को बिरसा आवास का लाभ नहीं मिल पाया है।
लातेहार में आदिम जनजाति का एक बिरहोर 12 सदस्यों का परिवार पत्तों और लकड़ी से झोपड़ी बना रहने को मजबूर हैं।

