चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले में एक ओर स्वास्थ्य विभाग मलेरिया उन्मूलन को लेकर विशेष अभियान चला रहा है, वहीं आनंदपुर प्रखंड के पहाड़डीहा गांव में बीमारी से दो बच्चियों की मौत से क्षेत्र में चिंता का माहौल है। शुरुआती जानकारी के अनुसार दोनों बच्चियां जॉन्डिस से पीड़ित थीं। साथ ही उनमें मलेरिया होने की भी आशंका जताई जा रही है।
मृतकों में 10 वर्षीय लता किस्कु और 7 वर्षीय दीपिका मुर्मू शामिल हैं। बताया गया कि दोनों पिछले करीब एक सप्ताह से बीमार थीं। लता किस्कु की सोमवार रात मौत हो गई, जबकि दीपिका मुर्मू ने मंगलवार सुबह दम तोड़ दिया। दोनों बच्चियों की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया।
घटना की सूचना मिलने के बाद गोइलकेरा से मेडिकल टीम पहाड़डीहा गांव पहुंची। टीम ने गांव के विद्यालय में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाकर कुल 46 ग्रामीणों की स्वास्थ्य जांच की। जांच के दौरान 8 ग्रामीणों में मलेरिया की पुष्टि हुई। इनमें तीन बच्चे भी शामिल हैं। सभी मरीजों को बेहतर इलाज के लिए मनोहरपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में पिछले कुछ दिनों से कई लोग बुखार और अन्य बीमारियों से पीड़ित हैं। दो बच्चियों की मौत के बाद लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग से गांव में नियमित चिकित्सा जांच, दवा वितरण और बीमारी की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।
इस संबंध में चाईबासा के सिविल सर्जन जुझार माझी ने बताया कि फिलहाल घटना की जानकारी मिली है। प्रारंभिक तौर पर बच्चों की मौत का कारण जॉन्डिस प्रतीत हो रहा है, लेकिन दोनों बच्चियों की मलेरिया जांच नहीं हो सकी थी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग पूरे मामले पर लगातार नजर बनाए हुए है। मेडिकल टीम गांव में कैंप लगाकर लोगों की जांच कर रही है और आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। विभाग की ओर से गांव की स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि बीमारी को फैलने से रोका जा सके।

