चाईबासा: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार, नई दिल्ली एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, चाईबासा के तत्वावधान में झींकपानी प्रखंड के असुरा पंचायत में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष मोहम्मद शाकिर और जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव रवि चौधरी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
शिविर में ग्रामीणों को नालसा स्कीम आशा योजना के तहत बाल विवाह, डायन प्रथा और अन्य सामाजिक कुरीतियों के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में एलएडीसी अधिवक्ता सुरेन्द्र प्रसाद दास ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006, बाल तस्करी, पॉक्सो एक्ट 2012 तथा सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि बाल विवाह और मानव तस्करी जैसे अपराधों के खिलाफ सख्त कानूनी प्रावधान हैं। ग्रामीणों को इन सामाजिक बुराइयों के प्रति जागरूक रहने और इनके उन्मूलन में सहयोग करने की अपील की गई।
इस दौरान अधिकार मित्र सोमा बोस और जया रवि ने ग्रामीणों को जरूरी हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। इसमें नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100, चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 और साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 शामिल हैं।
शिविर में आगामी 12 दिसंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में भी जानकारी दी गई। बताया गया कि लोक अदालत के माध्यम से आपसी सुलह-समझौते के आधार पर मामलों का निःशुल्क और त्वरित निपटारा कराया जा सकता है।
कार्यक्रम में पंचायत के काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

