जमशेदपुर। बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवात ‘अर्णव’ के प्रभाव से तेज हवाओं और मूसलाधार बारिश की आशंका को देखते हुए पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा के मद्देनजर बड़ा फैसला लिया है। जिले के सभी सरकारी, गैर सरकारी सहायता प्राप्त, अल्पसंख्यक सहित सभी निजी विद्यालयों में 28 और 29 अक्टूबर को कक्षा 12वीं तक पठन-पाठन का कार्य स्थगित रहेगा। इस संबंध में जिला प्रशासन की ओर से मंगलवार, 27 अक्टूबर को आदेश जारी किया गया है।
भारत मौसम विज्ञान केंद्र, रांची की ओर से झारखंड के विभिन्न जिलों में चक्रवात ‘अर्णव’ और भारी बारिश की चेतावनी जारी करते हुए सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार, पूर्वी सिंहभूम जिले को ऑरेंज जोन में रखा गया है। जिले में तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसे देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए स्कूलों में दो दिनों तक शैक्षणिक गतिविधियां स्थगित रखने का निर्णय लिया है।
जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 34 के तहत यह निर्णय लिया गया है। इसके तहत जिले में संचालित सभी श्रेणी के सरकारी, गैर सरकारी सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों में प्रवेश वर्ग से लेकर 12वीं कक्षा तक पढ़ाई नहीं होगी।
हालांकि, जिन निजी विद्यालयों में पहले से परीक्षाएं निर्धारित हैं, उनके संचालन को लेकर विद्यालय प्रबंधन अपने स्तर पर निर्णय ले सकेंगे। वहीं, सभी सरकारी, गैर सरकारी सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाओं को निर्धारित अवधि में विद्यालय में उपस्थित रहकर गैर शैक्षणिक कार्यों का निष्पादन करना होगा।
प्रशासन ने मौसम की गंभीरता को देखते हुए यह कदम उठाया है, ताकि खराब मौसम के दौरान विद्यार्थियों को आवागमन में किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

