Breaking
Sun. Sep 20th, 2026

आरक्षण के सवाल पर बोकारो में शक्ति प्रदर्शन — अंबेडकर प्रतिमा से बिरसा चौक तक गूंजे हक-हिस्सेदारी के नारे, यूजीसी विनियम लागू करने और निजी क्षेत्र में आरक्षण की उठी मांग

बोकारो। आरक्षण, संविधान और सामाजिक प्रतिनिधित्व के सवाल पर रविवार को बोकारो में ‘साजफ’ संयुक्त फोरम का शक्ति प्रदर्शन देखने को मिला। संयुक्त अनुसूचित जाति-जनजाति, ओबीसी एवं माइनोरिटी फोरम (संयुक्त फोरम) के बैनर तले निकली महारैली में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और समर्थक सड़क पर उतरे। सेक्टर-4 स्थित अंबेडकर प्रतिमा स्थल से शुरू हुई रैली नारों के बीच नया मोड़ स्थित बिरसा चौक पहुंची, जहां यह सभा में तब्दील हो गई। नेतृत्व फोरम के केंद्रीय अध्यक्ष रामाकान्त राम ने किया। संबोधित करते हुए रामाकान्त राम ने कहा कि आरक्षण किसी की कृपा नहीं, बल्कि वंचित समाज के प्रतिनिधित्व और संवैधानिक अधिकार का सवाल है। जो संगठन आरक्षण का विरोध और यूजीसी बिल के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं, उन्हें आरक्षण का वास्तविक अर्थ समझना चाहिए। उन्होंने कहा कि देश की संपदा में हजारों वर्षों से वंचित समाज की भी हिस्सेदारी है। अन्य वक्ताओं ने कहा कि आरक्षण केवल नौकरी और शिक्षा तक सीमित व्यवस्था नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय और समान अवसर का संवैधानिक आधार है। एससी-एसटी आरक्षण में क्रीमी लेयर लागू करने के किसी भी प्रयास को रोकने, यूजीसी विनियम शीघ्र लागू करने तथा इसमें किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं करने की मांग की गई। महारैली में निजी क्षेत्र की नौकरियों में एससी, एसटी, ओबीसी और अल्पसंख्यकों के लिए आरक्षण लागू करने, यूजीसी विनियम शीघ्र लागू करने तथा लैटरल एंट्री और कॉलेजियम सिस्टम समाप्त करने की मांग भी उठी। संविधान में निहित समानता, सामाजिक न्याय और प्रतिनिधित्व के अनुरूप नीतिगत कदम उठाए जाएं। महारैली को दिनेश बेसरा, मदन मोहन महतो, डॉ. इंद्रदेव पासवान, अशोक रजवार, राजकुमार राम, ललन आनंदकर, जितेंद्र नारायण यादव, बाली रजवार, कमला सोरेन, शंकर तुरी, प्रदीप रजक, अशोक राम और झरीलाल पात्रा ने भी संबोधित किया। मौके पर साधु शरण गोप, हाजी अब्दुल मल्लिक, बुद्धदेव नारायण यादव, अनिल पासवान, घनश्याम चौधरी, अवधेश यादव, अनीता सिंह, एसके सिंह, मंजू देवी, राकेश कुमार, संजीव कुमार, बैजनाथ कुमार, अवधेश पासवान, राजेंद्र यादव, प्रमोद रजक, देवेश टूडू, संजय कुमार, बबलू राम, सुखदेव, महेंद्र मुंडा, सुबोल दास, अजित कुमार, रामदेव प्रसाद, अवधेश कुमार सिंह, प्रेमनाथ पासवान, रत्न कुमार, सतीश रजवार, रमाशंकर राम, सरयू प्रसाद, दीनबंधु कुमार, अनूप कुमार, जीतू कुमार, कृष्णाजी, गणेश शर्मा, गोपाल राम, सुशील कुमार और सुनील कुमार समेत अन्य मौजूद थे।

Related Post