Breaking
Tue. Jul 28th, 2026

बीमारी और जलजमाव को लेकर बड़कुंवर गागराई ने सरकार व प्रशासन पर साधा निशाना

चाईबासा: पूर्व मंत्री सह पूर्व भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बड़कुंवर गागराई ने पश्चिमी सिंहभूम जिले में लगातार हो रही बारिश, जलजमाव और बीमारी की स्थिति को लेकर झारखंड सरकार तथा जिला प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम मलेरिया प्रभावित क्षेत्र है और हर वर्ष बारिश के मौसम में बीमारी फैलने की आशंका बनी रहती है। इसके बावजूद समय रहते आवश्यक तैयारियां नहीं की गईं।

बड़कुंवर गागराई ने कहा कि दुनिया का हर व्यक्ति जानता है कि ठंड के बाद गर्मी, गर्मी के बाद बरसात और फिर ठंड का मौसम आता है। हर मौसम के अनुसार पहले से तैयारी की जाती है ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम, विशेषकर सारंडा और कोल्हान क्षेत्र, मलेरिया जोन के रूप में जाना जाता है। लगातार बारिश के कारण कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति बन गई है। ऐसे में सरकार और प्रशासन को पहले से स्वास्थ्य सेवाओं, दवा, जांच और बचाव के पर्याप्त इंतजाम करने चाहिए थे।

उन्होंने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन और सरकार समय पर सक्रिय नहीं हुई। उनके अनुसार बड़ाजामदा, गुवा और आसपास के क्षेत्रों में जलजमाव है तथा कई नदियां उफान पर हैं, जिससे लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे हालात में संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ जाता है।

पूर्व मंत्री ने आनंदपुर प्रखंड के पहाड़डीहा गांव में बीमारी से दो बच्चियों की मौत का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस घटना के बाद प्रशासन की सक्रियता यह दर्शाती है कि पहले से आवश्यक कदम नहीं उठाए गए। यदि समय रहते स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन गांवों में प्रभावी अभियान चलाता, तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता था।

बड़कुंवर गागराई ने कहा कि सरकार को केवल घटना होने के बाद नहीं, बल्कि संभावित खतरे को देखते हुए पहले से तैयारी करनी चाहिए। उन्होंने मांग की कि जिले के ग्रामीण और दुर्गम क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को और मजबूत किया जाए, नियमित स्वास्थ्य जांच अभियान चलाया जाए तथा मलेरिया और अन्य मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि लोगों को समय पर इलाज और सुरक्षा मिल सके।

Related Post