Breaking
Sun. Jul 26th, 2026

सरायकेला रथ मेला में सक्रिय अंतरराज्यीय महिला जेबकतरा गिरोह का भंडाफोड़, पश्चिम बंगाल की चार महिलाएं गिरफ्तार

सरायकेला: विश्व प्रसिद्ध सरायकेला रथ मेला में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच जेबकतरी और चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक अंतरराज्यीय महिला गिरोह का सरायकेला थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने पश्चिम बंगाल की चार महिलाओं को चोरी करते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इस कार्रवाई से मेले में सक्रिय अन्य संदिग्ध गिरोहों में भी हड़कंप मच गया है।

पुलिस के अनुसार 25 जुलाई 2026 को सरायकेला थाना में कांड संख्या 59/26 दर्ज किया गया है। इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 303(2), 317(2) और 3(5) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की गई। अनुसंधान के दौरान सामने आया कि गिरफ्तार महिलाएं संगठित गिरोह के रूप में विभिन्न धार्मिक और सार्वजनिक आयोजनों में पहुंचकर भीड़ का फायदा उठाती थीं और श्रद्धालुओं की जेब काटने तथा सामान चोरी करने की कोशिश करती थीं।

रथ मेला में उमड़ी भीड़ के बीच भी यह गिरोह इसी तरह की वारदात को अंजाम देने की फिराक में था, लेकिन पहले से सतर्क पुलिस टीम ने उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया। गिरफ्तार महिलाओं की पहचान मुन्नी मुदलियार, कंका मुदलियार, नारायण मुदलियार और कनक विश्वास के रूप में हुई है। सभी आरोपी पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के बंदेल-चिन्सुराह थाना क्षेत्र की रहने वाली हैं।

गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने चारों महिलाओं से पूछताछ की और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से सभी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह गिरोह इससे पहले किन-किन जिलों या राज्यों में जेबकतरी और चोरी की घटनाओं में शामिल रहा है तथा इनके नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।

सरायकेला थाना प्रभारी विनय कुमार ने बताया कि रथ मेला जैसे बड़े धार्मिक आयोजनों में लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं। ऐसे अवसरों का लाभ उठाकर कुछ असामाजिक तत्व चोरी और जेबकतरी जैसी घटनाओं को अंजाम देने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कहा कि पूरे मेले में पुलिस की विशेष निगरानी व्यवस्था की गई थी, जिसके चलते चार महिलाओं को रंगे हाथ पकड़ने में सफलता मिली।

उन्होंने स्पष्ट किया कि आम लोगों की सुरक्षा और उनकी संपत्ति की रक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। भविष्य में भी ऐसे संगठित गिरोहों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जाएगा और दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Related Post