चाईबासा: झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के जिला प्रवक्ता बुधराम लागुरी ने चाईबासा में पानी संकट को लेकर भाजपा द्वारा किए गए प्रदर्शन को राजनीतिक नौटंकी बताया है। उन्होंने प्रेस बयान जारी कर कहा कि भाजपा जनता की मूलभूत समस्याओं के समाधान के बजाय केवल दिखावटी आंदोलन कर रही है।
बुधराम लागुरी ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार देश में बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी से जनता का ध्यान भटकाने के लिए ऐसे कार्यक्रम आयोजित कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पेयजल संकट की समस्या भाजपा शासनकाल से चली आ रही है, लेकिन उस दौरान इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की गई। अब राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस व्यवस्था को सुधारने का काम कर रहे हैं।
झामुमो की ओर से जारी बयान में कहा गया कि राज्य सरकार गांव-गांव तक पेयजल सुविधा पहुंचाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। कई क्षेत्रों में पाइपलाइन विस्तार, जलमीनार निर्माण और खराब चापाकलों की मरम्मत का कार्य चल रहा है। इसके बावजूद भाजपा जनता के बीच भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है।
बुधराम लागुरी ने कहा कि केंद्र सरकार की गलत नीतियों के कारण राज्यों को विकास कार्यों के लिए पर्याप्त सहयोग नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब केंद्र में भाजपा की सरकार है, तो झारखंड को पेयजल योजनाओं के लिए अतिरिक्त सहायता क्यों नहीं दी जा रही है। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन, ग्रामीण विकास और सड़क निर्माण जैसी योजनाओं की राशि समय पर नहीं मिलने से कई परियोजनाएं प्रभावित हो रही हैं।
झामुमो ने केंद्र सरकार पर झारखंड के साथ सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाते हुए कहा कि विभिन्न योजनाओं का बकाया फंड समय पर जारी नहीं किया जा रहा है। पार्टी का कहना है कि इससे विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं और गरीब, किसान, मजदूर तथा ग्रामीण क्षेत्रों के लोग सबसे अधिक परेशान हैं।
बुधराम लागुरी ने कहा कि भाजपा एक ओर राज्य सरकार पर वित्तीय संकट का आरोप लगाती है, वहीं दूसरी ओर केंद्र सरकार फंड रोककर राज्य की आर्थिक स्थिति को कमजोर करने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने दावा किया कि झारखंड की जनता सब देख रही है और आने वाले समय में भाजपा को इसका जवाब मिलेगा।
झामुमो ने केंद्र सरकार से झारखंड के बकाया फंड को जल्द जारी करने की मांग करते हुए कहा कि राज्य सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है और विपक्ष को भी सहयोगात्मक भूमिका निभानी चाहिए।

