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सिंहभूम चैम्बर के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के पर्यटन सचिव एवं निदेशक से मुलाकात कर कोल्हान में पर्यटन उद्योग के विकास के लिये दिये सुझाव

जमशेदपुर: केन्द्र सरकार के द्वारा आने वाले तीन-चार वर्षों में 100 करोड़ से स्वदेश योजना के तहत चांडिल डैम में पर्यटन क्षेंत्र के विकास के लिये कार्य किये जायेंगे- मनोज कुमार
आगामी माह में चैम्बर में टूरिज्म कॉन्क्लेव का आयोजन किया जायेगा-विजय आनंद मूनका

अध्यक्ष विजय आनंद मूनका के नेतृत्व सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के प्रतिनिधिमंडल जिसमें मानद महासचिव मानव केडिया, उपाध्यक्ष अधिवक्ता राजीव अग्रवाल, पुनीत कांवटिया, अभिषेक अग्रवाल गोल्डी, सचिव अधिवक्ता अंशुल रिंगसिया, बिनोद शर्मा ने राज्य के पर्यटन विभाग के सचिव मनोज कुमार,भा.प्र.से. एवं निदेशक श्रीमती अंजलि यादव, भा.प्र.से. से रांची स्थित उनके कार्यालय में मुलाकात कर कोल्हान क्षेत्र जहां पर्यटन उद्योग के विकास की असीम संभावनायें हैं पर सुझाव देेते हुये इस संबंध में उनका ध्यानाकृष्ट कराया।

1) चांडिल डैम:
क) चांडिल डैम में उच्च स्तर के तरह-तरह के खान-पान के रेस्टोरेंट की व्यवस्था हो,
ख) चांडिल डैम के आसपास एक गेस्ट हाउस बने ताकि इस राज्य के अलावा निकटवर्ती राज्यों के पर्यटकों को भी आकर्षित कर सके।
ग) वाटर स्पोर्टस की व्यवस्था हो।
घ) वर्तमान में पर्यटकों के लिये यहां किसी प्रकार की शौचालय की व्यवस्था नहीं है। इसकी उचित व्यवस्था की जानी चाहिए।

2) दलमा: प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण एवं प्राचीन शिव मंदिर होने के कारण इस स्थान का अलग ही महत्व है परंतु आधारभूत संरचनाओं जैसे, पक्की सड़क, स्ट्रीट लाईट, सुरक्षा व्यवस्था, पीने का पानी, शौचालय एवं अन्य कारणों से लोग परिवार सहित नहीं जा पाते हैं एवं ट्रैकिंग हेतु उचित व्यवस्था। अगर उपरोक्त वर्णित सुविधाओं पर ध्यान दिया जाय तो यह भी एक उत्कृष्ट पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा सकता है।

3. दलमा, डिमना रोपवे: एन.एच. 33, होटल वेब इंटरनेशनल के आसपास से दलमा अथवा डिमना तक रोपवे/केबुल कार की व्यवस्था हो जाने से कोल्हान में पर्यटन को नये आयाम मिल सकेंगे।

4. सतनाला डैम (डोबो): कांदरबेड़ा स्थित डोबो के पास सतनाला डैम को भी विकसित किया जा सकता है।

5. बुरूडीह डैम: घाटशिला स्थित बुरूडीह डैम में नौका विहार, वाटर स्पोर्टस, गेस्ट हाउस, रेस्टोरंेट, शौचालय की उचित व्यवस्था से यह डैम भी पर्यटन के रूप में स्थापित हो सकता है।

6. महादेवशाल: पश्चिमी सिंहभूम जिला अंतर्गत गोईलकेरा के नजदीक शिवजी का स्वयंभू शिवलिंग होने के कारण यह स्थान भक्तों के बीच काफी लोकप्रिय है। यहां भी उचित आधारभूत संरचनाओं जैसे, बिजली, पीने का पानी, सड़क, खानपान की व्यवस्था, रूकने हेतु गेस्ट हाउस इत्यादि।

उक्त सुझावों पर सचिव एवं निदेशक ने कहा कि सरकार एवं विभाग उक्त सुझावों पर ध्यान देकर आगे कार्य करेगां। उन्होंने जानकारी दी कि केन्द्र सरकार के स्वदेशी योजना के तहत आगामी तीन-चार वर्षों में चांडिल डैम में 100 करोड़ से विकास किया जायेगा जिसके तहत वाटर स्पोर्टस, गेस्ट हाउस, रेस्टोरेंट इत्यादि अनेकानेक निर्माण होंगे।

अध्यक्ष विजय आनंद मूनका ने कहा कि आगामी महीनों में चैम्बर में टूरिज्म कान्क्लेव का आयोजन होगा, जिसमें इस क्षेत्र में पर्यटन की संभावनाओं और उनके क्रियान्वयन पर चर्चा किया जायेगा।

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