जमशेदपुर। बेटी की शादी जैसे जीवन के सबसे अहम पारिवारिक मौके पर छुट्टी की उम्मीद लगाए बैठे एक जवान का दर्द सामने आया है। सोमवार को गोलमुरी पुलिस लाइन में तैनात जवान कमलेश कुमार शर्मा का कहना है कि उनकी बेटी का विवाह मई महीने में तय है और 7 मई को तिलक की रस्म होनी है, लेकिन इसके बावजूद उन्हें अब तक अवकाश स्वीकृत नहीं किया गया है।
कमलेश शर्मा भावुक होकर बताते हैं कि उन्होंने विभागीय प्रक्रिया के तहत छुट्टी के लिए आवेदन दिया था और लगभग 90 दिनों के अवकाश की मांग की थी, लेकिन उनकी गुहार पर कोई सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया। उनका कहना है कि पिछले कई वर्षों से लगातार सेवा देने के बावजूद उन्हें कभी भी पर्याप्त छुट्टी नहीं मिल पाई, जिससे वे परिवार से दूर होते चले गए हैं।
मामला उस समय और गंभीर हो गया, जब छुट्टी की स्थिति जानने के लिए वे संबंधित कार्यालय पहुंचे। जवान का आरोप है कि इस दौरान वहां मौजूद कुछ पुलिसकर्मियों ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया और मारपीट तक की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि जयपाल, दिलीप सहित अन्य कर्मियों के व्यवहार से वे मानसिक रूप से बेहद आहत हुए हैं।
अपनी आपबीती बताते हुए कमलेश शर्मा भावुक हो उठे और कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा कि जब बेटी की शादी जैसे अवसर पर भी परिवार के साथ रहने की अनुमति नहीं मिलेगी तो एक कर्मचारी अपने निजी जीवन को कैसे संतुलित कर पाएगा।
इस पूरे मामले ने विभागीय व्यवस्था और मानवीय संवेदनाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, फिलहाल यह मामला जांच के अधीन बताया जा रहा है और यह स्पष्ट होना बाकी है कि छुट्टी क्यों नहीं दी गई तथा मारपीट की घटना में सच्चाई क्या है।

