चाईबासा: राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार, नई दिल्ली एवं झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार 60 दिवसीय मेगा विधिक जागरूकता अभियान के तहत चक्रधरपुर प्रखंड के सिलफोड़ी पंचायत अंतर्गत ग्राम बुडिघोड़ा स्थित उच्च विद्यालय में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पश्चिमी सिंहभूम चाईबासा के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष मौहम्मद शाकिर एवं सचिव रवि चौधरी के मार्गदर्शन में आयोजित हुआ।
शिविर में विद्यार्थियों को नालसा की विभिन्न योजनाओं, बच्चों के अधिकार एवं संरक्षण, बच्चों के साथ मैत्रीपूर्ण व्यवहार तथा इससे जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। सहायक एलएडीसी रत्नेश कुमार ने विद्यार्थियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार की संरचना एवं कार्यप्रणाली के बारे में बताया।
उन्होंने शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के तहत 6 से 14 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा की व्यवस्था की जानकारी दी। साथ ही बाल विवाह, बाल श्रम, बाल एवं मानव तस्करी, यौन सुरक्षा के लिए POCSO एक्ट 2012, गुड टच-बैड टच तथा मिशन वात्सल्य के तहत फोस्टर केयर और स्पॉन्सरशिप योजना के बारे में भी विद्यार्थियों को जागरूक किया गया।
शिविर के दौरान विद्यार्थियों को पुलिस सहायता के लिए टोल फ्री नंबर 112, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और नालसा के टोल फ्री नंबर 15100 की जानकारी दी गई। बताया गया कि किसी भी संबंधित समस्या या सहायता की आवश्यकता होने पर इन नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है। प्राधिकार की विभिन्न योजनाओं से संबंधित पंपलेट का वितरण किया गया तथा अधिकार मित्रों के संपर्क नंबर भी साझा किए गए।
कार्यक्रम में विद्यालय की प्राचार्य कविता तांती, शिक्षिका रचना नीता, मीनू, लक्ष्मी सोरेन, अनुमंडलीय विधिक सेवा समिति के अधिकार मित्र श्वेता रवानी, रीना प्रधान, राहुल प्रधान, जयकिशन प्रधान, करण कुंभकार, उदाहरण प्रधान, कमला महतो, अनीता बोदरा, राजेंद्र महतो, आशा महतो सहित विद्यालय के विद्यार्थी मौजूद रहे।

