जयपुर। फ्रैंकफर्ट से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI-2030 को बुधवार सुबह सुरक्षा संबंधी गंभीर अलर्ट के बाद राजस्थान के जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एहतियातन उतार लिया गया। विमान में बम होने की धमकी मिलने और कुछ क्षणों के लिए हाईजैक अलर्ट जारी होने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गईं। बोइंग 787-9 ड्रीमलाइनर विमान में 250 यात्री सवार थे। विमान की सुरक्षित लैंडिंग के बाद सभी यात्रियों के सुरक्षित होने की जानकारी सामने आई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, विमान के भारतीय हवाई क्षेत्र के करीब पहुंचने के दौरान बम की धमकी मिली। इसी बीच विमान के ट्रांसपोंडर पर कुछ सेकंड के लिए स्क्वाक 7500 कोड सक्रिय होने की सूचना मिली। विमानन क्षेत्र में इस कोड का इस्तेमाल विमान अपहरण या उस पर अवैध कब्जे की स्थिति का संकेत देने के लिए किया जाता है। यह सिग्नल अहमदाबाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल को मिलने के बाद सुरक्षा तंत्र सक्रिय हो गया। हालांकि, हाईजैक अलर्ट कुछ ही क्षणों तक रहा। इस घटनाक्रम के पीछे की वास्तविक वजह और कोड सक्रिय होने की परिस्थितियों की आधिकारिक पुष्टि आवश्यक है।
सुरक्षा खतरे को देखते हुए विमान का मार्ग बदलकर जयपुर की ओर मोड़ दिया गया। बुधवार सुबह करीब 9:45 बजे विमान ने जयपुर एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग की। इसके बाद विमान को निर्धारित आइसोलेशन बे में ले जाया गया, जहां सुरक्षा एजेंसियों ने उसे अपने घेरे में लेकर जांच शुरू की। विमान में बम होने की आशंका के मद्देनजर यात्रियों और उनके सामान की गहन तलाशी तथा सुरक्षा जांच की प्रक्रिया अपनाई गई।
इस घटना के बीच मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का असर भारतीय विमानन सेवाओं पर भी पड़ रहा है। सुरक्षा संबंधी चिंताओं के कारण भारतीय एयरलाइंस ने सऊदी अरब के लिए अपनी उड़ानें 17 अक्टूबर 2026 तक निलंबित करने का फैसला किया है। हालांकि, उड़ानों के निलंबन और जयपुर में विमान की आपात लैंडिंग के बीच किसी सीधे संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।

