जमशेदपुर। सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (सीएसआईआर-एनएमएल), जमशेदपुर में मंगलवार को निवारक सतर्कता के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम सतर्कता जागरूकता सप्ताह के तहत चल रहे तीन माह के निवारक सतर्कता अभियान के क्रम में आयोजित हुआ। कार्यक्रम की विषयवस्तु “समृद्धि के लिए सत्यनिष्ठा” रखी गई थी।
एनएमएल सभागार में आयोजित कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डॉ. संदीप घोष चौधरी उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य वैज्ञानिक एवं सतर्कता जागरूकता सप्ताह की मुख्य समिति के अध्यक्ष डॉ. वीसी श्रीवास्तव ने की। इस दौरान संस्थान के वैज्ञानिकों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता सीएसआईआर-एनएमएल के प्रशासन नियंत्रक जय शंकर शरण ने निवारक सतर्कता की उपयोगिता और इसके विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्थान को भ्रष्टाचार से मुक्त रखने के लिए केवल कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, बल्कि पहले से ऐसी व्यवस्था विकसित करना जरूरी है, जिससे अनियमितताओं की संभावना कम हो। उन्होंने कार्यस्थल पर पारदर्शिता, जवाबदेही, सत्यनिष्ठा और नैतिक मूल्यों को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया।
व्याख्यान के दौरान प्रतिभागियों को निवारक सतर्कता के माध्यम से स्वस्थ और उत्तरदायी कार्यसंस्कृति विकसित करने के उपायों से अवगत कराया गया। प्रतिभागियों ने कार्यक्रम को उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताते हुए सतर्कता संबंधी जानकारी को संस्थागत कार्यप्रणाली के लिए महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम के अंत में प्रशासनिक अधिकारी विप्लव विशाल ने धन्यवाद ज्ञापन किया। मंच संचालन अनुभाग अधिकारी वेद प्रकाश ने किया। आयोजन के माध्यम से संस्थान में पारदर्शिता, सत्यनिष्ठा और जवाबदेही की संस्कृति को और मजबूत करने का संदेश दिया गया।

