जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिले के प्रशासनिक नेतृत्व में बदलाव के साथ शनिवार को राजीव रंजन ने उपायुक्त (डीसी) के रूप में विधिवत पदभार ग्रहण कर लिया। निवर्तमान उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने उन्हें औपचारिक रूप से कार्यभार सौंपा। इस अवसर पर समाहरणालय परिसर में अधिकारियों की उपस्थिति में पदभार हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी की गई।
राजीव रंजन एक अनुभवी और प्रशासनिक कार्यों में दक्ष अधिकारी माने जाते हैं। इससे पहले वे झारखंड सरकार के मंत्रिमंडल सचिवालय एवं निगरानी विभाग में विशेष सचिव के पद पर कार्यरत थे, जहां उन्होंने प्रशासनिक सुधार, निगरानी तंत्र को मजबूत करने और पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके अनुभव का लाभ अब पूर्वी सिंहभूम जिले को मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
पदभार संभालने के बाद मीडिया से बातचीत में नए उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि उनकी प्राथमिकता राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना होगा। उन्होंने कहा कि योजनाएं केवल कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि उनका वास्तविक लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि सरकारी कार्यों में किसी भी तरह की बाधा या लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
राजीव रंजन ने जिले के नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर विकास कार्यों को तेज गति देने की बात कही। उन्होंने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, आधारभूत संरचना और ग्रामीण विकास जैसे क्षेत्रों में विशेष ध्यान दिया जाएगा। साथ ही, कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखना और प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक जवाबदेह बनाना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।
नए उपायुक्त के आगमन से जिले में विकास कार्यों को नई दिशा और गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। प्रशासनिक हलकों में भी यह माना जा रहा है कि उनके अनुभव और कार्यशैली से जिले में योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी और आम जनता को इसका सीधा लाभ मिलेगा।

