जमशेदपुर। टाटानगर रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों की लगातार हो रही लेटलतीफी से परेशान यात्रियों के समर्थन में 7 अप्रैल को प्रस्तावित महाधरना को लेकर शहर में राजनीतिक और सामाजिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय के नेतृत्व में इस धरना को सफल बनाने के लिए विभिन्न क्षेत्रों में लगातार बैठकें आयोजित की जा रही हैं।
एक्सप्रेस ट्रेनों के घंटों लेट चलने से यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। खासकर दैनिक यात्रियों, मजदूरों, छात्रों और मरीजों को समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने में दिक्कत हो रही है। रेलवे की इस लचर व्यवस्था और लगातार अनदेखी के खिलाफ जन आक्रोश बढ़ता जा रहा है, जिसे लेकर अब आंदोलन का रूप दिया जा रहा है।
इसी क्रम में बारिगोड़ा में एक अहम बैठक आयोजित की गई, जिसमें धरना की रणनीति और जनसहभागिता को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में धरना के संयोजक एवं जद (यू) जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष अजय कुमार की सक्रिय भूमिका रही, जबकि बैठक की अध्यक्षता विकास कुमार ने की।
बैठक के दौरान बाजार समिति अध्यक्ष आशुतोष सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन करते हुए इस महाधरना को अपना पूर्ण समर्थन देने की आधिकारिक घोषणा की। उनके इस समर्थन को आंदोलन के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिससे स्थानीय व्यापारियों और आम लोगों की भागीदारी और बढ़ने की संभावना है।
बैठक में विनीत सिंह, सूरज यादव, धर्मेंद्र कुमार, मनीष कुमार, सोनू शर्मा, कमल कामत, रोहित कुमार, राजकुमार, दिनेश गिरी समेत दर्जनों लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में 7 अप्रैल के महाधरना को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया।
आयोजकों का कहना है कि यदि रेलवे प्रशासन ने समय रहते ट्रेनों की लेटलतीफी की समस्या का समाधान नहीं किया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। महाधरना के माध्यम से रेलवे के उच्च अधिकारियों तक यात्रियों की आवाज पहुंचाने की तैयारी की जा रही है।

