गिरिडीह। गिरिडीह और देवघर उत्पाद विभाग की संयुक्त टीम ने अवैध विदेशी शराब के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए गांडेय थाना क्षेत्र में संचालित मिनी फैक्ट्री का उद्भेदन किया है। छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में तैयार विदेशी शराब, करीब 300 लीटर रंगीन शराब, स्पिरिट और शराब बनाने व पैकेजिंग में इस्तेमाल होने वाली विभिन्न सामग्रियां जब्त की गईं। मिट्टी के घर में चल रहे इस अवैध कारोबार के सामने आने के बाद शराब निर्माण से जुड़े नेटवर्क की पड़ताल तेज कर दी गई है।
गिरिडीह के उपायुक्त रामनिवास यादव के निर्देश पर जिले में अवैध शराब के निर्माण, बिक्री, भंडारण और परिवहन के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अधीक्षक उत्पाद, गिरिडीह के दिशा-निर्देश पर गिरिडीह और देवघर उत्पाद विभाग की संयुक्त टीम ने दोनों जिलों के सीमावर्ती इलाकों में देर रात तक छापेमारी की। इस दौरान गांडेय थाना क्षेत्र के उदयपुर पंचायत अंतर्गत महादेवडीह गांव निवासी देबू मरांडी के मिट्टी के घर में अवैध विदेशी शराब बनाने की मिनी फैक्ट्री संचालित होने का खुलासा हुआ।
कार्रवाई के दौरान विभिन्न ब्रांडों के नाम से सीलबंद बोतलों में तैयार विदेशी शराब के अलावा ड्रमों में रखी लगभग 300 लीटर रंगीन शराब बरामद की गई। मौके से अवैध स्पिरिट, खाली बोतलें, ढक्कन, होलोग्राम, लेबल, कैरामेल और शराब की पैकेजिंग में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री भी जब्त की गई। प्रारंभिक जांच में मामला अवैध तरीके से विदेशी शराब तैयार करने और उसकी पैकेजिंग करने से जुड़ा पाया गया है।
उत्पाद विभाग के अनुसार, इस मामले में गिरिडीह के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के उदनाबाद निवासी अभिषेक कुमार की संलिप्तता सामने आई है। वह फिलहाल फरार बताया जा रहा है। उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में कानूनी कार्रवाई की जा रही है। विभाग की टीम यह पता लगाने में जुटी है कि अवैध शराब के निर्माण और आपूर्ति के इस धंधे में और कौन-कौन लोग शामिल हैं तथा तैयार शराब कहां-कहां भेजी जाती थी।
छापेमारी अभियान में गिरिडीह और देवघर उत्पाद विभाग के अधिकारियों के साथ गृह रक्षा वाहिनी के सशस्त्र जवान शामिल थे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अवैध शराब के निर्माण और कारोबार के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

