चाईबासा : झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार तथा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष मोहम्मद शाकिर और सचिव रवि चौधरी के मार्गदर्शन में अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर सदर प्रखंड के तुईबीर पंचायत भवन में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन पीएलवी हेमराज निषाद और पीएलवी रत्ना चक्रवर्ती ने किया।
कार्यक्रम में ग्रामीणों को वृद्धजनों के अधिकार, सम्मान, सुरक्षा और कल्याण से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। बताया गया कि वरिष्ठ नागरिकों के लिए विभिन्न स्थानों और सेवाओं में विशेष सुविधाओं का प्रावधान है। साथ ही बीमा योजनाओं में भी उनके लिए अतिरिक्त छूट की व्यवस्था की जाती है।
ग्रामीणों को बताया गया कि वृद्धजनों को अपने उत्तराधिकारियों से भरण-पोषण के लिए भत्ता प्राप्त करने का अधिकार है। इसके अलावा अपनी मेहनत से अर्जित चल और अचल संपत्ति का अपनी इच्छा के अनुसार बंटवारा करने का भी अधिकार है। यदि किसी वृद्धजन को भरण-पोषण नहीं मिलता है तो वह इसके लिए संबंधित प्राधिकार में आवेदन कर सकता है।
कार्यक्रम में केंद्र और राज्य सरकार की ओर से संचालित विभिन्न कल्याणकारी एवं पेंशन योजनाओं की जानकारी भी दी गई। ग्रामीणों को निःशुल्क विधिक सहायता और वृद्धजनों से जुड़े कानूनी अधिकारों के बारे में विस्तार से बताया गया।
पीएलवी ने कहा कि वृद्धजनों का सम्मान और उनकी सुरक्षा समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। किसी प्रकार की कानूनी समस्या, उत्पीड़न या अधिकारों के हनन की स्थिति में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, चाईबासा से संपर्क कर निःशुल्क कानूनी सहायता प्राप्त की जा सकती है।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों से वरिष्ठ नागरिकों के प्रति संवेदनशील रहने और उनके सम्मान एवं गरिमापूर्ण जीवन की रक्षा में अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की गई। मौके पर पंचायत की मुखिया ज्योत्सना देवगम, पंचायत सचिव रजनी शर्मा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।

