Breaking
Sat. Aug 8th, 2026

चाईबासा: झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार और प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पश्चिमी सिंहभूम मौहम्मद शाकिर के मार्गदर्शन में डीएलएसए चाईबासा की ओर से मंझारी प्रखंड कार्यालय सभागार में पीड़ित मुआवजा योजना को लेकर विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों को विभिन्न घटनाओं में पीड़ितों को मिलने वाली मुआवजा राशि और इसके कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई।

कार्यक्रम में सहायक एलएडीसी रत्नेश कुमार के साथ मंझारी प्रखंड की पीएलवी मालती सुन्डी, नीता कोड़ा, भरभरिया पंचायत के बासुदेव गोप और मदन नायक उपस्थित रहे। इस दौरान पंचायत प्रतिनिधियों को पीड़ित मुआवजा योजना के तहत मिलने वाली सहायता और आवेदन की प्रक्रिया के बारे में बताया गया।

रत्नेश कुमार ने कहा कि विधिक सेवा प्राधिकरण पीड़ितों को कानूनी सहायता देने के साथ उनके पुनर्वास और गरिमापूर्ण जीवन के लिए भी प्रयास करता है। आपराधिक मामलों और सड़क दुर्घटनाओं के पीड़ित मुआवजा प्राप्त करने के लिए वरीय पुलिस पदाधिकारी, पीएलवी के माध्यम से अथवा सीधे डीएलएसए कार्यालय में आवेदन जमा कर सकते हैं।

उन्होंने बताया कि तेजाब हमले के पीड़ित, दुष्कर्म पीड़ित, पॉक्सो मामलों के पीड़ित, आपराधिक घटनाओं में शारीरिक क्षति झेलने वाले लोग, मानव तस्करी के शिकार व्यक्ति तथा बाल उत्पीड़न के मामलों में पीड़ितों के पुनर्वास के लिए विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से सहायता उपलब्ध कराई जाती है।

कार्यक्रम में अधिकार मित्रों ने भी लोगों को विधिक अधिकारों और पीड़ित मुआवजा योजना के संबंध में जानकारी दी। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

कार्यक्रम से संबंधित जानकारी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव रवि चौधरी ने दी।

Related Post