जमशेदपुर। झारखंड उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा में पेपर लीक की आशंका को लेकर सियासत उबाल पर है। रविवार को जमशेदपुर महानगर के भाजपा कार्यकर्ताओं ने जिला उपाध्यक्ष बबुआ सिंह के नेतृत्व में साकची बड़ा गोलचक्कर पर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला दहन कर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। भाजपा कार्यकर्ताओं ने साकची स्थित जिला भाजपा कार्यालय से पैदल मार्च करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला लेकर साकची गोलचक्कर तक के रास्ते मे सरकार विरोधी नारेबाजी कर पुतला दहन किया।
इस अवसर पर जिला उपाध्यक्ष बबुआ सिंह ने झामुमो-कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि सरकार की घोर लापरवाही के कारण भर्ती परीक्षाओं की पारदर्शिता पूरी तरह संदिग्ध हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक जैसी घटनाएं मेहनती और प्रतिभाशाली युवाओं के भविष्य के साथ खुला खिलवाड़ है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसी उत्पाद सिपाही भर्ती की शारीरिक परीक्षा के दौरान हेमंत सरकार की कुव्यवस्था और कुप्रबंधन के कारण 20 से अधिक अभ्यर्थियों की मौत हो चुकी है। आज राज्य का युवा हेमंत सोरेन के अक्षम और तानाशाही नेतृत्व में खुद को ठगा और निराश महसूस कर रहा है।
बबुआ सिंह ने तमाड़ के परीक्षा केंद्र का जिक्र करते हुए कहा कि वहां पेपर लीक गिरोह के संदेह में 164 लोगों को हिरासत में लिया गया है, जो इस बात का स्पष्ट संकेत है कि पूरे मामले में संगठित साजिश के तहत परीक्षा प्रणाली को प्रभावित किया जा रहा है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की।
कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर इस मुद्दे पर गहरा आक्रोश जताया और सरकार से जवाब मांगा और मांग किया कि परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
इस दौरान पूर्व विधायक मेनका सरदार, जटाशंकर पांडेय, कल्याण शरण, संजीव सिंह, जितेंद्र राय, विजय तिवारी, प्रेम झा, ज्ञान प्रकाश, बिनोद सिंह, संजीत चौरसिया, धर्मेंद्र प्रसाद, सोनू ठाकुर, नीतीश कुशवाहा, सागर राय, नीलु मछुआ, बिनोद राय, प्रशांत पोद्दार, भीम सिंह, रंजीत सिंह, पप्पू उपाध्याय, रितेश झा, रंजीत सिंह, नीरज शर्मा, आनंद कुमार, अमित मिश्रा, दीपक पॉल, प्रदीप मुखर्जी, तन्मय झा, चिंटू सिंह, हरेराम यादव, काजू शांडिल, उमेश साव, राकेश चौधरी, अजीत सिंह, मनोज सिंह, विशु सिंह, सुख सागर गुप्ता, विजय गौंड, रमेश विश्वकर्मा, रीना चौधरी, लीना चौधरी, ममता भूमिज, जया शर्मा, शर्मा, मनोज सिंह, सतीश सिंह समेत सैकड़ों अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।

