होमगार्ड जवानों की रोटेशन ड्यूटी के आदेश से बढ़ा असंतोष, वेलफेयर एसोसिएशन ने घेराव की चेतावनी दी
धनबाद। केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन महानिदेशालय, अग्निशमन सेवाएं, नागरिक सुरक्षा एवं होमगार्ड (DGCDFSHG), नई दिल्ली द्वारा सभी राज्यों के होमगार्ड जवानों की तैनाती रोटेशन के आधार पर करने के आदेश ने जवानों में गहरी नाराजगी पैदा कर दी है। इस फैसले को लेकर झारखंड सहित कई राज्यों के होमगार्ड जवानों में रोष व्याप्त है। जवानों का कहना है कि पहले ही उन्हें सीमित दिनों के लिए ड्यूटी मिलती है और अब रोटेशन प्रणाली लागू होने से काम के अवसर और भी कम हो जाएंगे, जिसका सीधा असर उनकी आमदनी और आर्थिक स्थिति पर पड़ेगा।
महानिदेशालय द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि होमगार्ड एक स्वायत्त और स्वयंसेवी संगठन है, जो राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा बनाए गए प्रावधानों के तहत कार्य करता है। गृह मंत्रालय के अनुसार होमगार्ड जवानों की नियुक्ति स्वयंसेवक के रूप में होती है और उन्हें अस्थायी, आवश्यकता आधारित तथा गैर-स्थायी आधार पर ड्यूटी दी जाती है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि लंबे समय तक बिना विश्राम के ड्यूटी लिए जाने के कारण जवान नियमितीकरण की मांग कर रहे थे, जिसे देखते हुए दीर्घकालिक तैनाती की परंपरा समाप्त करने और रोटेशन व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया गया है।
हालांकि जवानों का मानना है कि यह फैसला उनके हितों के खिलाफ है। झारखंड होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष रवि मुखर्जी ने कहा कि वर्तमान व्यवस्था में भी जरूरत के अनुसार ही ड्यूटी दी जाती है, जिससे पहले से ही सीमित मानदेय मिलता है। रोटेशन सिस्टम लागू होने पर यह मानदेय और घट जाएगा, जिससे जवानों को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यह आदेश वापस नहीं लिया गया तो झारखंड ही नहीं, बल्कि पूरे देश के होमगार्ड जवान गृह मंत्रालय और महानिदेशालय के कार्यालय का घेराव करने को मजबूर होंगे।
रवि मुखर्जी ने यह भी बताया कि इस मुद्दे पर अन्य राज्यों के होमगार्ड जवानों से लगातार संपर्क किया जा रहा है और जल्द ही एक संयुक्त रणनीति के तहत आंदोलन की रूपरेखा तय की जाएगी। वेलफेयर एसोसिएशन ने साफ कहा है कि जवानों के हितों से जुड़ा यह आदेश यदि वापस नहीं लिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
होमगार्ड जवानों की रोटेशन ड्यूटी के आदेश से बढ़ा असंतोष, वेलफेयर एसोसिएशन ने घेराव की चेतावनी दी

