चक्रधरपुर: चक्रधरपुर रेल मंडल के डीआरएम तरुण हुरिया शनिवार को एक बड़े रेल हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गए। मेघाहातुबुरु साइडिंग के पास उनके विशेष पांच कोच वाले निरीक्षण सैलून के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से रेलवे महकमे में हड़कंप मच गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, डीआरएम तरुण हुरिया निर्धारित कार्यक्रम के तहत अधिकारियों की टीम के साथ रेल निरीक्षण पर निकले थे। दोपहर करीब 12 से 1 बजे के बीच जैसे ही डीआरएम का निरीक्षण सैलून मेघाहातुबुरु साइडिंग के समीप पहुंचा, तभी तेज आवाज और जोरदार झटके के साथ ट्रेन अचानक रुक गई। झटका इतना तेज था कि सैलून के अंदर मौजूद अधिकारी और कर्मचारी घबरा गए।
हादसे के तुरंत बाद जब अधिकारी नीचे उतरे तो स्थिति गंभीर पाई गई। इंजन से सटी सैलून की एक कोच इंजन की ओर से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। वहीं बफर टूटकर मुड़ गया, जबकि कोच के पहिए आंशिक रूप से पटरी से उतर गए थे। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जानमाल की हानि नहीं हुई।
प्रारंभिक तौर पर हादसे के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। यह तकनीकी खराबी के चलते हुआ या किसी अन्य वजह से, इसकी जांच की जा रही है। घटना के बाद डीआरएम तरुण हुरिया ने निरीक्षण कार्यक्रम को तत्काल रद्द कर दिया। दुर्घटनाग्रस्त तीन कोचों को मौके पर ही छोड़ दिया गया, जबकि डीआरएम दो सुरक्षित कोचों के साथ चक्रधरपुर वापस लौट गए।
फिलहाल रेलवे के कर्मचारी और तकनीकी टीम क्षतिग्रस्त कोचों को दुरुस्त कर पटरी पर वापस लाने के कार्य में जुटे हुए हैं। इस गंभीर घटना को लेकर मंडल स्तर पर जांच के आदेश दिए जाने की संभावना जताई जा रही है। हादसे के बाद रेल प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।

