जमशेदपुर /पोटका
पोटका के बड़ा सिगदी बिरसा मंच में आदिवासी भूमिज समाज झारखंड की ओर से दो दिवसीय ओनोलिया(लेखक) कार्यशाला के तहत गुरुवार 8,1,2026 को पहला दिन का कार्यशाला का आयोजन किया गया। प्रथम दिन के कार्यशाला में विधि विधान के साथ नौ माहल किलि कुपुल के द्वारा दीप प्रज्वलित कर चुहाड विद्रोह के महानायक सुबल सिंह एवं वीर शहिद बिरसा मुंडा के चित्र पर माल्यार्पण किया गया । जीसके पश्चात उपस्थित भागीदारियों का परिचय किया गया। ईस कार्यशाला में वीर शहीद सुवल सिंह एवं बिरसा मुंडा उल्लगुलान के बारे में विस्तार पूर्वक बताया गया। पंचायत उपवन अनुसूचित क्षेत्र पर विस्तार अधिनियम 1996 झारखंड नियमावली 2025 के बारे में, आदिवासी भूमिज समाज का स्वशासन के प्रारूप एवं ढांचा गत व्यवस्था के बारे में, आदिवासी भूमिज समाज का नेतृत्व कर्ताओं का भूमिका के बारे में, पारंपरिक ग्राम सभा के उच्च स्तर का सभा के बारे में, सामाजिक संस्कार, संस्कृत, पारंपरिक, ज्ञान और रुढीजन्य विधि के बारे में, बताया गया। इस सभी विषय पर दस्तावेज तैयार करने के लिए लिपिबद्ध करने हेतु भूमिज भाषा लेखक वृंद को दिशा निर्देश दिया गया ताकि हमारे रूडी परंपरा का लिपिबद्ध हो सके। इस प्रथम दिन का कार्यशाला में मौके पर आदिवासी भूमिज समाज झारखंड की सलाहकार समिति के सदस्य सिद्धेश्वर सरदार, जयपाल सिंह सरदार, विभीषण समाद, दिलीप सिंह, लखीन्दंर सरदार, मोनिका सिंह, साधन कुमार नायेक, कविता सरदार, प्रियंका सिंह मुंडा, पिंकी सरदार, पुतुल सरदार, डॉक्टर सरदार, जनसरी सिंह, बन बिहारी सरदार, सूरजमानी सरदार, अर्जुन सरदार, सुरेश भूमिज, जूमिता सरदार ,गौरी सरदार, आनंद सरदार, मानिक सरदार आदि उपस्थित रहे।
वाईट—जयपाल सिंह सरदार।
वाईट—मोनिका सिंह– महिला।
वाईट–सिद्धेश्वर सरदार।

