जमशेदपुर। परसुडीह थाना क्षेत्र में दर्ज धोखाधड़ी और नाबालिग के अपहरण के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। चलती ट्रेन से हथकड़ी और रस्सी समेत फरार होने के बाद कई दिनों से पुलिस को चकमा दे रहे मुख्य आरोपी सुरेश उर्फ एंड्रयू जेम्स और उसकी पत्नी सरिता जेम्स उर्फ सरिता बरवा को उत्तर प्रदेश के आगरा कैंट क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने दोनों के कब्जे से अपहृत नाबालिग बच्ची को भी सकुशल बरामद कर लिया है।
इस मामले में परसुडीह थाना में सुरेश और सरिता के खिलाफ धोखाधड़ी तथा नाबालिग बच्ची के अपहरण की प्राथमिकी दर्ज थी। जांच के दौरान पुलिस ने 20 नवंबर 2025 को सुरेश को हिमाचल प्रदेश से गिरफ्तार किया था, लेकिन 23 नवंबर की मध्यरात्रि को धनबाद जिले के टेलो स्टेशन के पास चलती ट्रेन में पुलिस को चकमा देकर वह हथकड़ी और रस्से सहित फरार हो गया था। लगातार छापेमारी के बावजूद उसके नहीं मिलने पर परसुडीह थाना के एसआई अरविंद कुमार के आवेदन पर राजकीय रेल थाना, चंद्रपुरा में उसके खिलाफ अतिरिक्त प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।
फरार आरोपी और अपहृत बच्ची की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही थी। इसी क्रम में गुप्त सूचना पर बनी विशेष टीम ने आगरा कैंट थाना क्षेत्र में अभियान चलाया और सुरेश जेम्स व उसकी पत्नी को पकड़ा। पुलिस के अनुसार सुरेश मूल रूप से बेंगलुरु के बानसबाड़ी थाना क्षेत्र के चर्च स्ट्रीट, सिक्स क्रॉस रोड, आश्वत नगर, तनिसंद्रा मेन रोड स्थित रेबिक कॉलेज इलाके का निवासी है। हाल के दिनों में वह हिमाचल प्रदेश के उना जिले के बंगाणा थाना क्षेत्र स्थित होटल सिमल भेली, गांव कोल्का, रायपुर मैदान में अपना ठिकाना बनाए हुए था।
पुलिस दोनों आरोपियों से विस्तृत पूछताछ कर रही है और मामले में अन्य संभावित सहयोगियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

