रांची :- रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) रांची ने एक बार फिर अपनी सतर्कता और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए ऑपरेशन अमानत के तहत एक यात्री के कीमती सामान को बरामद कर उसे वापस लौटाया। यह घटना 2 अगस्त 2024 की है जब ननद किशोर यादव, निवासी न्यू एरिया मोलाबारा, दाउदनगर, औरंगाबाद, बिहार, अपने चाचा के साथ वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन से गया से रांची पहुंचे थे।ननद किशोर यादव रांची रेलवे स्टेशन पर कुछ समय के लिए रुके थे क्योंकि उन्हें ट्रेन नंबर 13351 से रांची से राउरकेला जाना था। इसी बीच, उनका एक बैग रांची रेलवे स्टेशन पर छूट गया था। इस बैग में लगभग 34,500 रुपये नकद, एक निकॉन कैमरा, दो मोबाइल चार्जर,50,000 रुपये का कीमती सामान था।
3 अगस्त 2024 को निरंजन कुमार, जो ननद किशोर यादव के भतीजे हैं, आरपीएफ पोस्ट रांची में पहुंचे और अपने चाचा के खोए हुए बैग की जानकारी दी। आरपीएफ उपनिरीक्षक सूरज पांडे की टीम ने तत्परता दिखाते हुए स्टेशन पर छूटे बैग को खोज निकाला और उसे आरपीएफ पोस्ट रांची में सुरक्षित रखा।
कुछ समय बाद, ननद किशोर यादव के एक संबंधी आरपीएफ पोस्ट रांची पहुंचे और बैग की पहचान की। बैग में रखे हुए नकद, कैमरा, मोबाइल चार्जर, और अन्य सामान को सही सलामत पाया गया। इसके बाद, सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद, निरीक्षक डी शर्मा ने उक्त बैग को यात्री के संबंधी को सौंप दिया।
आरपीएफ की इस कार्रवाई से यात्री और उनके परिवार ने राहत की सांस ली और आरपीएफ की सतर्कता की सराहना की। आरपीएफ का ‘ऑपरेशन अमानत’ यात्रियों के खोए हुए सामान को जल्द से जल्द लौटाने की पहल है, जो यात्रियों में सुरक्षा का भरोसा जगाता है। इस तरह की घटनाएं साबित करती हैं कि रेलवे सुरक्षा बल यात्रियों की सुरक्षा और सहायता के प्रति पूरी तरह से समर्पित है।

