चाईबासा: झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री बड़कुंवर गागराई ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में फुटबॉल सहित अन्य खेलों की प्रतिभाओं की कमी नहीं है। जरूरत इन प्रतिभाओं को पहचानने, उन्हें उचित प्रशिक्षण देने और आगे बढ़ने के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की है। उन्होंने राज्य सरकार से खेल और खिलाड़ियों को प्राथमिकता देने की मांग करते हुए कहा कि ग्रामीण स्तर पर खेलों के विकास के लिए ठोस पहल होनी चाहिए।
वे कुमारडुंगी प्रखंड की कुमारडुंगी पंचायत अंतर्गत खंडबंध हॉस्पिटल मैदान में आदर्श स्पोर्टिंग युवा क्लब की ओर से आयोजित दो दिवसीय फुटबॉल प्रतियोगिता के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। इस दौरान उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
गागराई ने कहा कि फुटबॉल जैसे खेल युवाओं में अनुशासन, टीम भावना, आपसी सहयोग और नेतृत्व क्षमता विकसित करते हैं। खेल केवल मनोरंजन का साधन नहीं है, बल्कि इसके माध्यम से युवा अपने क्षेत्र और जिले का नाम रोशन कर सकते हैं। ग्रामीण इलाकों में कई ऐसे खिलाड़ी हैं, जिन्हें सही मार्गदर्शन और प्रशिक्षण मिले तो वे जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रतियोगिताओं के आयोजन से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलता है। ऐसे आयोजनों से गांवों में खेल के प्रति रुचि बढ़ती है और युवाओं को सकारात्मक दिशा मिलती है। स्थानीय क्लब सीमित संसाधनों के बावजूद खेल प्रतियोगिताएं आयोजित कर रहे हैं, जो सराहनीय है।
पूर्व मंत्री ने राज्य सरकार की खेल नीति और जमीनी स्तर पर सुविधाओं को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने की बात तभी सार्थक होगी, जब गांवों में खेल मैदानों का विकास, नियमित प्रशिक्षण, खेल सामग्री और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। सरकार को ग्रामीण खेल प्रतिभाओं के लिए बजट और योजनाओं के क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
समापन समारोह में कमेटी अध्यक्ष विजय सिंह पिंगुवा, बुधन चातोम्बा, आशीष पिंगुवा, दामू राम पिंगुवा, सुरेश पाट पिंगुवा, अजय बोबोंगा, बुधराम लोहार और विनय दास सहित अन्य लोग एवं खेलप्रेमी उपस्थित थे। गागराई ने आयोजन समिति और खिलाड़ियों को सफल प्रतियोगिता के लिए बधाई दी।

