पलामू। जिले के छतरपुर थाना क्षेत्र में अंधविश्वास और इंसानियत को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है। मनहूं गांव में शुक्रवार रात एक नवजात बच्ची को कथित तौर पर बलि देने के इरादे से देवी मंदिर के पास ले जाने का मामला सामने आया है। बच्ची की उम्र महज तीन घंटे बताई जा रही है। जन्म के बाद उसका नाल तक नहीं काटा गया था। तेज बारिश और ठंड के बीच बच्ची को धान के खेत की मेढ़ पर छोड़ दिया गया था। न उसके शरीर पर कपड़े थे और न ही उसे ठंड से बचाने का कोई इंतजाम किया गया था। खेत की मेढ़ पर पड़ी नवजात बच्ची की हालत देखकर ग्रामीणों का कलेजा कांप उठा।
बताया जाता है कि शुक्रवार रात करीब नौ बजे गांव के कुछ युवकों की नजर खेत के पास मौजूद महिलाओं और पूजा सामग्री पर पड़ी। वहां एक नवजात बच्ची पड़ी हुई थी। आसपास की परिस्थितियों को देखकर ग्रामीणों को आशंका हुई कि बच्ची को देवी मंदिर में बलि देने के लिए लाया गया है। युवकों ने शोर मचाया तो वहां मौजूद दो महिलाएं मौके से भाग निकलीं, जबकि एक महिला को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। इसके बाद बच्ची को तत्काल सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने और उसकी जान बचाने की कोशिश शुरू की गई।
ग्रामीणों के अनुसार, पकड़ी गई महिला ही बच्ची की मां है। बताया जा रहा है कि महिला के पहले से दो बेटे और दो बेटियां हैं। यह उसकी पांचवीं संतान है। महिला के पास से सिंदूर, टिकली, कंघी और पूजा-पाठ से जुड़ी अन्य सामग्री भी बरामद होने की बात सामने आई है। इन सामग्रियों और घटनास्थल की परिस्थितियों के आधार पर ग्रामीणों ने बच्ची की बलि दिए जाने की आशंका जताई है। हालांकि, बच्ची को मंदिर के पास लाने के पीछे महिलाओं की वास्तविक मंशा क्या थी, यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। केवल पूजा सामग्री मिलने से बलि दिए जाने की पुष्टि नहीं की जा सकती।
सबसे अधिक विचलित करने वाली बात यह है कि जिस बच्ची को जन्म के बाद मां की गोद, दूध और देखभाल की जरूरत थी, उसे बारिश और ठंड के बीच खेत की मेढ़ पर असहाय छोड़ दिया गया। जन्म के महज तीन घंटे के भीतर उसके साथ हुई इस घटना ने नवजात की सुरक्षा और समाज में फैले अंधविश्वास पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
फिलहाल बच्ची को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी जिंदगी बचाने के लिए उपचार किया जा रहा है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। पकड़ी गई महिला से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि बच्ची को मंदिर के पास क्यों ले जाया गया था और उसके साथ मौजूद दोनों महिलाएं कौन थीं। उनके फरार होने के बाद उनकी तलाश भी जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा है। पुलिस की जांच और पूछताछ के बाद ही घटना की वास्तविक वजह सामने आ सकेगी।

