जमशेदपुर। खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम 2026 यानी MMDR संशोधन बिल के खिलाफ झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) का आंदोलन जारी रहेगा। कदमा उलियान स्थित शहीद निर्मल महतो सामुदायिक भवन में रविवार को हुई पूर्वी सिंहभूम जिला समिति की समीक्षा बैठक में जिला अध्यक्ष विक्टर सोरेन ने कहा कि केंद्र सरकार जब तक संशोधन कानून वापस नहीं लेती, तब तक पार्टी आंदोलन को जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि 19 सितंबर को जिले के विभिन्न प्रखंडों और नगर निकाय क्षेत्रों में आयोजित धरना-प्रदर्शन की समीक्षा की गई तथा कार्यकर्ताओं के प्रयासों के लिए आभार जताया गया।
विक्टर सोरेन ने कहा कि MMDR संशोधन के खिलाफ चल रहे जनआंदोलन को संगठनात्मक स्तर पर और मजबूत किया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आंदोलन को गांव और बूथ स्तर तक पहुंचाने का आह्वान किया।
बैठक में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर भी चर्चा हुई। विक्टर सोरेन ने कहा कि पार्टी योग्य मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने की आशंका का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करेगी। केंद्रीय प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी ने कहा कि केंद्रीय समिति MMDR संशोधन और SIR दोनों मुद्दों पर नजर रख रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर पर मतदाता सूची से जुड़े मामलों में सक्रिय रहने की अपील की।
संजीव सरदार ने SIR को लेकर आदिवासी समाज की चिंताओं का मुद्दा उठाते हुए कहा कि ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में कई लोगों के पास मांगे जाने वाले दस्तावेज उपलब्ध नहीं हो सकते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दस्तावेजों की कमी के कारण लोगों को मताधिकार से वंचित करने का प्रयास किया जा रहा है।
बैठक में पर्यवेक्षक मोहन कर्मकार, राजू गिरी, सुमन महतो, आस्तिक महतो, प्रमोद लाल, मनोज यादव, बीर सिंह सुरीन, हीरामणि मुर्मू, बारी मुर्मू, सरोज महापात्रा, महावीर मुर्मू, पिंटू दत्ता, बाघराय मार्डी, सुनील महतो, पंकज सिन्हा और चंद्रावती महतो समेत अन्य नेता मौजूद रहे। अकरम खान, अजय रजक, उमानाथ झा, खुद्दू उरांव, दल गोविंद लोहरा, प्रीतम हेम्ब्रम, सुशील हेम्ब्रम, अभय पाण्डेय, फैयाज अहमद खान, नासिर खान, गोपाल महतो, लाल्टू महतो, बहादुर किस्कु, जितेंद्र यादव, अंकित सिंह, असित मिश्रा, अर्जुन हांसदा, धनंजय करुणामय, बलराम महतो, मो. गुलाब, सुधीर सोरेन, मिर्जा सोरेन, प्रधान सोरेन, दुर्गा चरण मुर्मू, शैलेन बास्के, अश्वनी महतो, भुनेश्वर सरदार, अर्जुन मुर्मू, रमेश सोरेन, महेश्वर हांसदा, छोटेलाल हांसदा, कोला मुखी, पलटन मुर्मू, प्रभात सिंह, मो. जमील, जाबिर हुसैन, परमजीत सिंह पम्मे, गोविंदा चालक, सोमेन विश्वास, कृपाल सिंह भाटिया, इंदरपाल सिंह भाटिया, सिमरन सिंह भाटिया, कृष्णा सिंह, झरना पाल, सविता दास, रजनी दास, चरणजीत सिंह भाटिया, गंगा देवी, संदीप चक्रवर्ती, सपन राय, मो. अकबरद्दीन, डि. रवि कुमार, चंदन महतो और चंदन लाल समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।

