जमशेदपुर। झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (जेएलकेएम) ने एमजीएम थाना क्षेत्र के गोकुलनगर निवासी जीत महतो की पुलिस हिरासत में हुई मौत को गंभीर मानवाधिकार उल्लंघन करार देते हुए मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। रविवार को पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने पूर्वी सिंहभूम जिले के सिटी एसपी से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा और दोषी पुलिसकर्मियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।
पार्टी नेताओं ने कहा कि पुलिस हिरासत में किसी भी व्यक्ति के साथ अमानवीय व्यवहार संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत प्रदत्त जीवन के अधिकार का सीधा उल्लंघन है। जेएलकेएम का आरोप है कि जीत महतो की मौत सामान्य नहीं है और इसमें संबंधित पुलिस पदाधिकारियों की भूमिका की निष्पक्ष जांच आवश्यक है। पार्टी ने मांग की कि इस मामले में एमजीएम थाना प्रभारी सहित संबंधित पुलिस अधिकारियों के खिलाफ हत्या की धारा 302 के तहत प्राथमिकी दर्ज की जाए और उन्हें कानून के दायरे में लाया जाए।
ज्ञापन के माध्यम से जेएलकेएम ने पीड़ित परिवार को तत्काल न्याय देने की भी मांग उठाई। पार्टी ने मृतक की पत्नी को सरकारी नौकरी, परिवार को 50 लाख रुपये का मुआवजा तथा मृतक के नाबालिग पुत्र को सभी आवश्यक सुविधाओं के साथ संरक्षण उपलब्ध कराने की मांग की। नेताओं ने कहा कि जब तक पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिलता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।
जेएलकेएम ने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में निष्पक्ष जांच नहीं हुई और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं की गई, तो पार्टी राज्यव्यापी आंदोलन छेड़ेगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान महानगर अध्यक्ष राम प्रसाद महतो, केंद्रीय सदस्य अंकित महतो, एससी मोर्चा कोल्हान प्रमंडल अध्यक्ष राजा कालिंदी, महानगर प्रवक्ता एकलव्य सिंह, महानगर उपाध्यक्ष सुनील नामता, केंद्रीय संगठन मंत्री संजय गोराई, केंद्रीय संयुक्त महासचिव देवव्रत महतो समेत पूनम महतो, सुलोचना महतो, सुब्रत महतो, बिमल महतो, फनि महतो, गणपति करवा, अनित महतो और मोहिता महतो मौजूद थे।

