*शुद्ध पेयजल की भारी किल्लत झेल रहे हैं गारू वासी*
*विभिन्न मद से बना कई जल मीनार खराब हो चुके हैं, अब तक एक भी नहीं हुई मरम्मत*
गारू संवादाता उमेश यादव की रिपोर्ट
एक तरफ जहां हाल में ही पंचायत चुनाव में ग्रामीण उसके साथ वादों के तीर छोड़े जा रहे थे, वहीं दूसरी तरफ गारू प्रखंड में विभिन्न मद से बना लगभग तीन दर्जन सोलर टंकी खराब हो चुकी है। सोलर टंकी खराब हो जाने के कारण कई गांव के लोगों के लिए शुद्ध पेयजल अभी भी समस्या बनी हुई है।

हालांकि 14 वें वित्त तथा पेयजल एवं स्वच्छता विभाग द्वारा बनाए गए जल मीनार की देखरेख नहीं होना वाकई चिंताजनक है। कई जल मीनार तो ऐसे बने हैं जिसमें एक बूंद पानी तक नहीं निकला। अकेले धांगर टोला पंचायत में देखा जाए तो दर्जनों जलमिनर खराब है। वहीं अन्य पंचायत मायापुर, बारेसांढ़, करवाई, कोटाम और रुद में भी कई जलमीनार हाथी के दांत का संज्ञा बने हुए हैं।

आदिम जनजाति टोला में आदिम जनजातियों की स्वास्थ्य के मद्देनजर पेयजल एवं स्वच्छता विभाग जिला लातेहार द्वारा जल मीनार का निर्माण किया गया। वास्तविकता यह है कि हेनार, डेढ़गांव, बारेसांढ़, पहाड़कोचा, रामसेली, चिरोडीह, मिर्चईया, बारीबांध आदि कई जलमीनार महीने भर के बाद खराब हो गया है,
जिसके कारण पिछले एक वर्ष कई जलमीनार में जंग लग चूका है। हालांकि धांगरटोला पंचायत समिति सदस्य बरखा कुमारी ने कहा कि जल्द ही इस विषय पर अधिकारीयों को ज्ञापन देकर बनाने का मांग करुँगी।

