Breaking
Mon. Jan 12th, 2026

जनसंख्या समाधान फाउंडेशन” ने जिले के उपायुक्त को प्रधानमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन, जनसंख्या नियंत्रण कानून बनाने की माँग की। 

जमशेदपुर। पिछले 8 वर्षों से जनसंख्या नियंत्रण कानून हेतु आंदोलनरत संस्था जनसंख्या समाधान फाउंडेशन द्वारा कठोर जनसंख्या नियंत्रण कानून बनाने की मांग को लेकर देशभर के तीन सौ से अधिक जिला मुख्यालयों पर प्रधानमंत्री, भारत सरकार के नाम जिला उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा गया। इसी क्रम में, राष्ट्रीय नेतृत्व के निर्देशानुसार जमशेदपुर महानगर जिलाध्यक्ष प्रेम झा के नेतृत्व में संस्था के प्रतिनिधिमंडल ने जिले के उपायुक्त सूरज कुमार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम जनसंख्या नियंत्रण कानून विषयक ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने भारत माता की जय, वंदे मातरम के ओजस्वी नारे लगाते हुए जनसंख्या नियंत्रण विषयक नारे -बढ़ती जो आबादी है- देश की बर्बादी है। दो बच्चों का कानून – लागू करो, लागू करो जैसे नारे लगाए। इस अवसर पर जनसंख्या समाधान फाउंडेशन के जिलाध्यक्ष प्रेम झा ने बताया कि कई नोबेल पुरस्कार विजेताओं ने मानव अस्तित्व के लिए सबसे बड़ा खतरा बढ़ती जनसंख्या और प्रदूषण बताया है। जनसंख्या वृद्धि की वजह से आज हमारा देश अन्य देशों की तुलना में उतना विकास नहीं कर पा रहा है, क्योंकि इससे न सिर्फ बेरोजगारी की समस्या बढ़ रही है बल्कि आर्थिक मंदी, व्यापार विकास और विस्तार गतिविधियां जरूरत से ज्यादा धीमी होती जा रही है। निरंतर तेज गति से बढ़ती हुई जनसंख्या देश के विकास को अवरुद्ध कर रहा है। अगर देश में इसी रफ्तार से जनसंख्या में वृद्धि होगी तो एक अनुमान के तहत दस वर्षों में भारत जनसंख्या के दृष्टि से पूरे विश्व में प्रथम होगा। कहा कि बढ़ती जनसंख्या के साथ देश में अशिक्षा, प्राकृतिक संसाधनों में कमी, बेरोजगारी, भुखमरी, बीमारी, अतिक्रमण, अपराध व प्रदूषण में भी अप्रत्याशित वृद्धि होगी जिससे देश में गृहयुद्ध के हालात हो जाएंगे।

इस दौरान संस्था के उषा सिंह, हरेन्द्र सिंह, बंटी सिंह, हन्नी परिहार, पप्पू कुमार, आदित्य रंजन, बबलू सिंह, पीयूष ईशु, कुमार गौतम, रोहन श्रीवास्तव, हिमांशु सिंह, आदित्य कुमार समेत अन्य उपस्थित थे।

 

Related Post