चाईबासा महानवमी के अवसर पर मंगलवार को झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर चाईबासा के आमला टोला स्थित ऐतिहासिक आदि दुर्गोत्सव में शामिल हुए। उन्होंने मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की।
इस दौरान मिथिलेश कुमार ठाकुर ने कहा कि मां दुर्गा शक्ति, साहस और करुणा की प्रतीक हैं। दुर्गा पूजा बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश देने के साथ सामाजिक एकता और आपसी भाईचारे को मजबूत करती है।
उन्होंने कहा कि आमला टोला में वर्ष 1870 से आयोजित हो रहा आदि दुर्गोत्सव चाईबासा की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान है। पिछले 156 वर्षों से इस परंपरा को बनाए रखना पूजा समिति के पदाधिकारियों, सदस्यों और स्थानीय श्रद्धालुओं की आस्था तथा सामूहिक प्रयास का परिणाम है।
पूर्व मंत्री ने कहा कि आधुनिकता के दौर में अपनी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को सुरक्षित रखना सभी की जिम्मेदारी है। आमला टोला का आदि दुर्गोत्सव इसका उदाहरण है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने के साथ समाज में आपसी सद्भाव बढ़ाने का काम करते हैं।
उन्होंने महानवमी की शुभकामनाएं देते हुए मां दुर्गा से प्रार्थना की कि पश्चिमी सिंहभूम सहित पूरे झारखंड में सुख, शांति और समृद्धि बनी रहे। समाज के सभी वर्गों के लोग आपसी सद्भाव के साथ आगे बढ़ें।
इस अवसर पर मिथिलेश कुमार ठाकुर ने पूजा समिति के पदाधिकारियों और सदस्यों से मुलाकात कर आयोजन की जानकारी ली। उन्होंने ऐतिहासिक परंपरा को लगातार बनाए रखने के लिए समिति के प्रयासों की सराहना की।
मौके पर पूजा समिति के मुख्य पुजारी अनूप मुखर्जी, सहयोगी तपन बनर्जी, संयुक्त सचिव त्रिशानु राय सहित समिति के अन्य पदाधिकारी, सदस्य और श्रद्धालु उपस्थित थे।

