जमशेदपुर। मनीफीट टीओपी चौक और बर्मामाइंस ट्यूब गेट के आसपास वर्षों से दुकान लगाकर परिवार का भरण-पोषण कर रहे फुटपाथ दुकानदारों को हटाने पहुंची टाटा स्टील लैंड डिपार्टमेंट की टीम को मंगलवार को विरोध का सामना करना पड़ा। कार्रवाई के विरोध में 50 से अधिक छोटे दुकानदार सड़क पर उतर गए और गाड़ियों को बांस के सहारे रोक दिया। बाद में सामाजिक कार्यकर्ता सह मजदूर नेता बंटी सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और दुकानदारों के समर्थन में विरोध जताया। इस दौरान सड़क जाम होने से भारी वाहनों का आवागमन प्रभावित रहा।
जानकारी के अनुसार, बर्मामाइंस ट्यूब गेट के सामने से दुकानदारों को हटाने की प्रक्रिया पिछले कुछ समय से चल रही है। कंपनी की ओर से दुकानदारों को जेम्को से मनीफीट जाने वाले मार्ग में दुकान लगाने के लिए जगह उपलब्ध कराने की बात कही गई है। हालांकि, दुकानदारों का कहना है कि प्रस्तावित स्थल सड़क के बिल्कुल किनारे है, जहां दुकान लगाने से सड़क दुर्घटना की आशंका बनी रहेगी। दुकानदारों ने डीवीसी के समीप वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराने की मांग रखी है।
विरोध और सड़क जाम की सूचना मिलने के बाद प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंचा। कंपनी प्रबंधन की ओर से सुनील सिंह के अलावा बर्मामाइंस थाना प्रभारी, टेल्को थाना प्रभारी और गोविंदपुर थाना प्रभारी भी पहुंचे। इसके बाद पुलिस प्रशासन, कंपनी प्रबंधन और दुकानदारों के प्रतिनिधियों के बीच त्रिपक्षीय वार्ता हुई। दुकानदारों की ओर से मजदूर नेता बंटी सिंह और आजसू नेता अप्पू तिवारी ने पक्ष रखा।
वार्ता में फिलहाल दुकानदारों को दो माह की मोहलत देने पर सहमति बनी। इस अवधि में उनके पुनर्वास के लिए उपयुक्त वैकल्पिक स्थान तय करने पर चर्चा की जाएगी। बंटी सिंह ने कहा कि वर्षों से दुकान लगाकर परिवार चलाने वाले छोटे दुकानदारों को बिना वैकल्पिक व्यवस्था के हटाना उचित नहीं है। कंपनी को पहले दुकानदारों के लिए सुरक्षित, व्यवस्थित और सम्मानजनक स्थान उपलब्ध कराना चाहिए।
उन्होंने कहा कि दो दिनों के भीतर इस मुद्दे पर फिर से वार्ता होगी। यदि दुकानदारों के लिए उचित व्यवस्था नहीं की गई तो चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर कंपनी के मुख्य गेट को भी जाम करने की चेतावनी दी गई है।
प्रदर्शन और वार्ता के दौरान बंटी सिंह, अप्पू तिवारी, मुन्ना चौबे, चिंटू सिंह, हृतिक चौबे, सविता सिंह, लाडी सिंह, शांति देवी और पिंकी सिंह समेत क्षेत्र के सैकड़ों युवा, महिलाएं और दुकानदार मौजूद रहे।

