Sun. Apr 14th, 2024

काले कृषि कानूनों को वापस ले केंद्र सरकार: माले।

किसानों के लिए डेथ वारंट हैं ये कानून: किसान महासभा।

गिरिडीह

किसान विरोधी काले कानूनों के खिलाफ आज भाकपा माले और अखिल भारतीय किसान महासभा के संयुक्त बैनर तले स्थानीय झंडा मैदान तथा सिहोडीह आम बागान में प्रतिवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाकपा माले पर राज्य कमेटी सदस्य राजेश कुमार यादव एवं गिरिडीह विधानसभा प्रभारी राजेश सिन्हा ने कहा कि केंद्र की सरकार ने किसानों के खिलाफ जो कानून लाए हैं, वे वस्तुतः किसानों के लिए एक डेथ वारंट के समान हैं। देशभर के किसान इन कानूनों का विरोध कर रहे हैं, लेकिन कारपोरेट परस्त मोदी सरकार कंपनियों के हक में इन काले कानूनों पर अमल करना चाह रही है। परंतु ऐसा कभी नहीं हो सकता। देश के किसान जाग चुके हैं।

कहा कि, आज देशव्यापी प्रतिवाद आयोजित कर काले कानूनों को वापसी की मांग की जा रही है। यदि सरकार ने ऐसा नहीं किया तो किसान संगठनों के आह्वान पर आगे और भी बड़ा आंदोलन किया जाएगा। सरकार को किसान विरोधी काले कानून वापस लेने ही होंगे।

इस अवसर पर अन्य लोगों के अलावा पप्पू खान, नौशाद अहमद चांद, प्रीति भास्कर, निशांत भास्कर, कन्हैया सिंह, मो. सुलेमान, मिंटू मल्लिक, गुफरान, रुस्तम, समीर, उजैर सुल्तान, ताजुद्दीन, बबलू अंसारी, रफीक अंसारी, संजय मुर्मू, सोहन हेंब्रम, सोमरा हेंब्रम, राजू आदि मौजूद थे।

गिरिडीह से चन्दन के साथ डिम्पल की रिपोर्ट

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